MP में भीषण ठंड के चलते इन जिलों में 10 जनवरी तक स्कूलों की छुट्टियां, क्लासों का समय भी बदला

MP Nursery Schools Closed: मध्य प्रदेश में कड़ाके की सर्दी का दौर जारी है, प्रदेश में लगातार ठंड की वजह से लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. खास तौर पर ग्वालियर-चंबल संभाग में तेज ठंड जारी है, यहां तापमान 7 डिग्री तक पहुंच गया है, ऐसे में मध्य प्रदेश शासन ने कई जिलों में स्कूलों की छुट्टियां आगे बढ़ाने के निर्देश दिए हैं. ताकि बच्चों को परेशानियां न हो. प्रशासन ने नर्सरी से पांचवीं क्लास तक के स्कूल बंद करने का फैसला किया है तो बाकि क्लासों के समय में बदलाव कर दिया गया है, जहां कोई भी क्लास सुबह से नहीं लगाने के निर्देश दिए है.

इन जिलों में 10 जनवरी तक छुट्टियां
मध्य प्रदेश में बढ़ती ठंड को देखते हुए स्थानीय प्रशासन ने ग्वालियर, मुरैना और भिंड जिले में नर्सरी से 8वीं क्लास तक की छुटि्टयां 10 जनवरी तक बढ़ाने का फैसला किया है, तीनों जिलों में तेज ठंड जारी है और सुबह के वक्त तापमान में लगातार गिरावट देखी जा रही है, जिससे स्कूल आने जाने में बच्चों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. ऐसे में स्कूलों में छुट्टियां बढ़ाने का फैसला किया गया है. वहीं 9वीं से लेकर 12वीं क्लासों के समय में भी बदलाव करने का फैसला किया गया है, जबकि सुबह के वक्त सभी शिक्षण संस्थान जल्दी नहीं खोलने के निर्देश दिए गए हैं.

स्कूलों का समय बदला

स्कूल शिक्षा विभाग ने भी इस बात के निर्देश दिए हैं कि ठंड को ध्यान में रखते हुए ही क्लासों का संचालन किया जाए. इसलिए 9वीं से 12वीं तक के क्लासों के समय में बदलाव किया गया है, जहां सभी क्लासें अब सुबह साढ़े सात बजे की जगह पर दोपहर 3 बजे से लगेगी, जबकि इंदौर में भी सुबह 10 बजे के बाद ही पहली से आठवीं तक की क्लासेस लगेगी. एमपी में फिलहाल सभी जिलों में सुबह 10 बजे के बाद ही सीनियर क्लासों को लगाने की सलाह दी गई है, क्योंकि ठंड की वजह से स्कूली बच्चों के साथ-साथ स्टॉफ को भी परेशानियों का सामना करना पड़ता है, ऐसे में छुट्टियां भी बढ़ा दी गई है.

सावधानी बरतने की सलाह

मध्य प्रदेश के सभी जिलों में ठंड को देखते हुए अलर्ट जारी किया गया है, जहां लोगों को इस मौसम में सावधानी बरतने की सलाह दी गई है, क्योंकि उत्तर भारत से आ रही बर्फीली हवाओं के असर से एमपी में ठिठुरा देने वाली ठंड पड़ रही है. ऐसे में स्कूली बच्चों को भी सुबह के वक्त किसी तरह की दिक्कत न हो इस बात का ध्यान रखा जाए. वहीं अगर कोई बच्चा सर्दी जुखाम से पीड़ित है तो उसे स्कूल आने के लिए फोर्स नहीं किया जाए, इस तरह के निर्देश स्कूल शिक्षा विभाग की तरफ से दिए गए हैं.