पटना. राजधानी पटना में अवैध बालू खनन के खिलाफ चल रही कार्रवाई के दौरान पुलिस टीम पर बड़ा हमला हुआ है. पालीगंज अनुमंडल के रानीतालाब थाना क्षेत्र अंतर्गत धनराज छपरा गांव में छापेमारी करने पहुंची पुलिस पर बालू माफियाओं और उनके समर्थकों ने अचानक हमला बोल दिया. इस दौरान जमकर पथराव किया गया और कई राउंड फायरिंग की गई, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई.
जानकारी के अनुसार, पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि इलाके में 10 से 12 ट्रैक्टरों के जरिए बड़े पैमाने पर अवैध बालू खनन किया जा रहा है. सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और कार्रवाई शुरू कर दी. जैसे ही पुलिस ने ट्रैक्टरों को जब्त करना शुरू किया, वैसे ही बड़ी संख्या में माफिया और उनके समर्थक मौके पर जुट गए. देखते ही देखते स्थिति हिंसक हो गई और माफियाओं ने पुलिस टीम को चारों ओर से घेर लिया.
हमलावरों ने पुलिस पर रोड़ेबाजी शुरू कर दी और इसके साथ ही कई राउंड फायरिंग भी की. अचानक हुए इस हमले से पुलिस टीम को संभलने का मौका भी नहीं मिला. इस दौरान आधा दर्जन पुलिसकर्मी घायल हो गए, हालांकि आधिकारिक तौर पर इसकी पुष्टि नहीं की गई है. स्थिति को बिगड़ता देख पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की और किसी तरह हालात को काबू में करने की कोशिश की. घटना के दौरान अफरा-तफरी का फायदा उठाकर बालू माफियाओं ने पुलिस द्वारा जब्त किए गए कुछ ट्रैक्टरों को भी छुड़ा लिया और मौके से फरार हो गए.
गिरफ्तारी के लिए छापेमारी
हालांकि इस पूरे घटनाक्रम के बीच पुलिस ने भी कार्रवाई जारी रखते हुए मौके से 4 ट्रैक्टर और 3 मोटरसाइकिल जब्त करने में सफलता हासिल की. ये सभी वाहन अवैध बालू खनन में इस्तेमाल किए जा रहे थे. मामले को लेकर परिचय कुमार ने बताया कि घटना को गंभीरता से लिया गया है. इस संबंध में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और हमले में शामिल आरोपियों की पहचान की जा रही है. उन्होंने कहा कि दोषियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है और किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा.
घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल
घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल है. एहतियात के तौर पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अवैध खनन के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा और ऐसे माफियाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. गौरतलब है कि पटना समेत बिहार के कई इलाकों में अवैध बालू खनन एक बड़ी समस्या बना हुआ है. प्रशासन लगातार कार्रवाई करता है, लेकिन माफियाओं के बढ़ते दुस्साहस के कारण ऐसी घटनाएं सामने आती रहती हैं. इस ताजा घटना ने एक बार फिर कानून-व्यवस्था और अवैध खनन के नेटवर्क पर सवाल खड़े कर दिए हैं.पटना. राजधानी पटना में अवैध बालू खनन के खिलाफ चल रही कार्रवाई के दौरान पुलिस टीम पर बड़ा हमला हुआ है. पालीगंज अनुमंडल के रानीतालाब थाना क्षेत्र अंतर्गत धनराज छपरा गांव में छापेमारी करने पहुंची पुलिस पर बालू माफियाओं और उनके समर्थकों ने अचानक हमला बोल दिया. इस दौरान जमकर पथराव किया गया और कई राउंड फायरिंग की गई, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई.
जानकारी के अनुसार, पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि इलाके में 10 से 12 ट्रैक्टरों के जरिए बड़े पैमाने पर अवैध बालू खनन किया जा रहा है. सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और कार्रवाई शुरू कर दी. जैसे ही पुलिस ने ट्रैक्टरों को जब्त करना शुरू किया, वैसे ही बड़ी संख्या में माफिया और उनके समर्थक मौके पर जुट गए. देखते ही देखते स्थिति हिंसक हो गई और माफियाओं ने पुलिस टीम को चारों ओर से घेर लिया.
हमलावरों ने पुलिस पर रोड़ेबाजी शुरू कर दी और इसके साथ ही कई राउंड फायरिंग भी की. अचानक हुए इस हमले से पुलिस टीम को संभलने का मौका भी नहीं मिला. इस दौरान आधा दर्जन पुलिसकर्मी घायल हो गए, हालांकि आधिकारिक तौर पर इसकी पुष्टि नहीं की गई है. स्थिति को बिगड़ता देख पुलिस ने आत्मरक्