कॉपर-टी लगवाने के बावजूद महिला ने दिया तीन बेटों को जन्म, महिला अस्पताल की लापरवाही

पीलीभीत। जिले के गांव रुपपुर सैजना निवासी महिला के कॉपर-टी लगे होने के बाद तीन बेटों को जन्म देने का मामला सामने आया है। महिला ने दो बेटियों को जन्म देने के बाद कॉपर टी लगवाई थी, लेकिन उसके बाद उसने तीन बेटों को जन्म दिया हैं। पति ने सीएमओ से शिकायत कर कार्रवाई किए जाने की मांग की है।

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रूपपुर सैजना निवासी देवेंद्र कुमार ने बताया कि पत्नी ममता को जिला महिला चिकित्सालय में दिसम्बर 2021 को दो बेटियों के जन्म के बाद कॉपर टी लगवाई। जब पत्नी की कॉपर टी की जांच कराई गई, तो उसमें कॉपर टी लगा होना पाया गया। दिसंबर 2024 में पत्नी ममता को अचानक दर्द हुआ। तो उसे लेकर महिला चिकित्सालय पहुंचा, वहां पर जानकारी दिए जाने पर उसे वापस कर दिया गया।

अल्ट्रासाउंड कराया तो गर्भ में तीन बच्चों का होना बताया
कुछ दिन बाद जब उसने पत्नी ममता का प्राइवेट अल्ट्रासाउंड कराया तो पत्नी के गर्भ में तीन बच्चों का होना बताया गया। जिसने जुलाई में 2025 में उसके तीन बेटों का जन्म दिया। आरोप हैं कि जिला अस्पताल में उसकी पत्नी के कॉपर-टी लगाए जाने में लापरवाही बरती गई। जिससे उसकी पत्नी गर्भवतती मामला सामने आया हैं। उसने डाक्टर पर लापरवाही का अरोप लगाकर कार्रवाई किए जाने की मांग की है। सीएमओ डॉक्टर आलोक कुमार ने बताया कि मामला संज्ञान में आया हैं। जांच कराई जा रही हैं। जांच में दोषी पाए जाने पर संबंधित पर कार्रवाई की जाएगी।

जहरीले कीड़े के काटने से लोग बीमार
बीसलपुर। विकासखंड क्षेत्र के ग्राम दुबहा निवासी मोती सिंह के पुत्र रमेश सिंह अपने खेत पर गए थे। खेत पर खड़ी घास में बैठे किसी जहरीले कीड़े ने उन्हें काट लिया। जिससे उनकी हालत बिगड़ने लगी। हालात बिगड़ी देख उनके परिवार के लोगों ने एंबुलेंस को बुलाकर उन्हें तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया। जहां चिकित्सक द्वारा इलाज करने के बाद उनकी स्थिति सामान्य हो गई।

इसके अतिरिक्त नगर के मोहल्ला ग्यासपुर निवासी अनवर हुसैन की बेटी इशरत घर के कमरे में रखी अलमारी के पीछे से कुछ सामान निकाल रही थी। इसी समय उसके किसी जहरीले कीड़े ने काट लिया। जिससे उसकी तबीयत खराब होने लगी। इसके बाद उसके परिवार के लोगों ने उसे तुरंत सी एच सी में उपचार हेतु भर्ती कराया। जहां चिकित्सक द्वारा उसका उपचार करने के बाद स्थिति समान होने पर उसको दवा देने के बाद छुट्टी कर दी गई।