बिहार में मानसून की सक्रियता के कारण मौसम का मिजाज बदला हुआ है. उत्तर बिहार में इसका प्रभाव देखने को मिल रहा है, लेकिन दक्षिण बिहार में इसका प्रभाव कमजोर दिखाई दे रहा है. भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने आज मंगलवार (14 जुलाई) को राज्य के 12 जिलों के लिए भारी बारिश की चेतावनी जारी की है. खासकर उत्तर और दक्षिण के पूर्वी इलाके में अधिक बारिश की संभावना है. वहीं, मध्य और पश्चिमी इलाके में भी झमाझम बारिश का पूर्वानुमान है. आज सुबह से ही राजधानी पटना सहित कई जिलों में झमाझम बारिश हो रही है.
12 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी
मौसम विभाग ने पटना जिले के दनियावां, फतुहां, खुसरूपुर, दानापुर, फुलवारी सहित 12 प्रखंड में बारिश को लेकर सुबह 4:10 से 7:10 के बीच ऑरेंज अलर्ट जारी किया था. इस दौरान राजधानी पटना के अधिकांश जगहों पर झमाझम बारिश हुई और तापमान में गिरावट दर्ज किया गया. इसके अलावा गोपालगंज, पूर्वी चंपारण, भोजपुर, मुजफ्फरपुर, वैशाली, समस्तीपुर, सारण के भी अधिकांश इलाकों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया था. यहां भी मध्यम स्तर की बारिश देखने को मिली.
मौसम विभाग के अनुसार, आज राज्य के दरभंगा, कटिहार, पूर्णिया और सुपौल जिले में अत्यधिक भारी बारिश दर्ज की गई. विभाग ने तोबांका, भागलपुर, जमुई, किशनगंज, मधेपुरा, मधुबनी और सहरसा जिले के कुछ इलाकों में भारी बारिश को लेकर चेतावनी जारी की है. मौसम विभाग ने आज राज्य के खगड़िया, मुंगेर, मुजफ्फरपुर, समस्तीपुर, शिवहर, सीतामढ़ी एवं वैशाली जिले में भारी बारिश को लेकर चेतावनी जारी की है. इस दौरान गरज-चमक के साथ बिजली कड़कने और तेज हवा चलने का अनुमान जताया है. इस दौरान हवा की गति 30-40 किलोमीटर प्रति घंटे तक जा सकती है.
दक्षिण बिहार के कुछ इलाकों में चलेंगी तेज हवाएं
विभाग ने दक्षिण बिहार के मध्य इलाके में पटना, गयाजी, जहानाबाद, नालंदा, नवादा, शेखपुरा, बेगूसराय, लखीसराय जिले में भी 30-40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चलने का अनुमान जताया है. इस दौरान गरज-चमक के साथ बिजली कड़कने और हल्की से लेकर मध्यम स्तर की बारिश का पूर्वानुमान है. पश्चिमी इलाके में भी हल्की बारिश होने की संभावना है. आज उत्तर बिहार में अधिक बारिश, दक्षिण बिहार में हल्की से मध्यम स्तर की बारिश का अनुमान है. विभाग के अनुसार, बारिश और तेज हवाओं के कारण राज्य के अधिकतम तापमान में गिरावट आ सकती है. अगले तीन-चार दिनों तक राज्य के तापमान में तीन से चार डिग्री की गिरावट आने की संभावना है.
जुलाई में बढ़ बारिश का औसत
आंकड़ों अनुसार, जून में औसतन बारिश का स्तर कम रहा, लेकिन जुलाई में बारिश का औसत बढ़ा है, लेकिन अभी भी यह सामान्य से 43% कम है. जून और जुलाई में हुई अब तक की कुल बारिश 177.7 मिली मीटर दर्ज की गई है. मौसम विज्ञान केंद्र पटना के अनुसार, बंगाल की खाड़ी में अगले एक हफ्ते में कम दबाव वाले दो क्षेत्र विकसित होंगे. बंगाल की खाड़ी में एक-दो दिनों में एक कम दबाव का क्षेत्र विकसित हो रहा है, जो धीरे-धीरे चक्रवाती परिसंचरण में बदल जाएगा.
इसके अलावा 18 और 19 जुलाई के आसपास एक और कम दबाव का क्षेत्र विकसित होने की संभावना है. इसके प्रभाव से राज्य में हल्की से लेकर मध्यम स्तर की बारिश की स्थिति बनी रह सकती है. इससे तापमान में गिरावट के आसार है.
हालांकि, औसत से कम स्तर की बारिश के कारण किसानों की चिंता बढ़ गई थी. यदि बारिश का स्तर बढ़ने से किसानों की उम्मीद जगेगी. हालांकि, अभी भी भागलपुर, औरंगाबाद, कैमूर, रोहतास, बक्सर जिले में जहां धान की खेती अधिक होती है, वहां किसानों को राहत मिलने की बहुत कम संभावना है.
कहां कितना रहा तापमान
बीते सोमवार को दक्षिण बिहार के तापमान में कोई विशेष बदलाव नहीं दर्ज किया गया, लेकिन उत्तर बिहार के तापमान में गिरावट दर्ज की गई है. सबसे अधिक भभुआ में अधिकतम तापमान 37.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है. हालांकि, राजधानी पटना में कोई विशेष बदलाव नहीं देखने को मिला. यहां अधिकतम तापमान 34.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. वहीं, मधुबनी, अररिया, सहरसा, बाल्मीकि नगर में 29 से 30 डिग्री के बीच तापमान दर्ज किया गया. आज सोमवार को भी तापमान गिरावट का अनुमान है.
कहां कितनी हुई बारिश
बीते सोमवार को 24 घंटे के दौरान सबसे अधिक बारिश मधुबनी जिले के माधवपुर में 274.6 मिली मीटर दर्ज की गई. वहीं, पश्चिम चंपारण में 169.8 मिलीमीटर के साथ अत्यधिक भारी बारिश दर्ज की गई. इसके अलावा सारण 109 मिली मीटर, सिवान 105 मिली मीटर, गोपालगंज 88.02 मिली मीटर, मधेपुरा 78.6 मिली मीटर, अररिया 77.4 मिली मीटर, किशनगंज 75.8 मिली मीटर के साथ भारी बारिश दर्ज हुई. इन जिलों के अधिकांश इलाकों पर भारी बारिश हुई है.