“कॉकरोच से पंगा न लें”: धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद भी नहीं माने अभिजीत दीपके, अब रख दी ये शर्त

देश भर में छात्रों के विरोध प्रदर्शन के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है. प्रधान के इस्तीफे पर कॉकरोच जनता पार्टी के अध्यक्ष अभिजीत दीपके का भी बयान आया है. उन्होंने कहा, “कॉकरोच से पंगा न लें.”

केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर अभिजीत दीपके ने कहा, “डरने की कोई जरूरत नहीं है. यह लोकतंत्र है. उन्होंने इस्तीफा दे दिया है, लेकिन हमारी दो और मांगें हैं. हम ऐसे ही नहीं मानेंगे. धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा दे दिया है. लेकिन जिन बच्चों ने आत्महत्या की, उनके परिवारों को एक करोड़ रुपये का मुआवजा मिलना चाहिए. उन सभी परिवारों को एक करोड़ रुपये का मुआवजा और दूसरी बात, 20 तारीख को जिन पुलिस वालों ने गुंडागर्दी की, उन पुलिस अधिकारियों के ख़िलाफ कार्रवाई होनी चाहिए. याद रखें, कॉकरोच से पंगा न लें.”

“यह पहला विकेट है. हम यहीं नहीं रुकेंगे. यह तो बस शुरुआत है. मैं उन सभी छात्रों और वॉलंटियर्स को सलाम करता हूं जो पिछले 36 दिनों से यहां बैठे हैं.” – अभिजीत दीपके

हमारी तीन मांगें लिखित रूप में मान लेते हैं, तो हम घर चले जाएंगे : आशुतोष रंका
कॉकरोच जनता पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता आशुतोष रंका ने कहा, “अगर आप हमारी तीन मांगें लिखित रूप में मान लेते हैं, तो हम घर चले जाएंगे. हमने देश भर में शांतिपूर्ण कैंडल मार्च निकालने की अनुमति मांगी है. सभी को शाम 6:00 बजे देश भर में कैंडल मार्च निकालना चाहिए.”

सीजेपी का दावा, सरकार ने बातचीत के लिए बुलाया
सरकार के साथ बातचीत के अगले दौर पर, कॉकरोच जनता पार्टी के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास ने कहा, “हमें बुलाया गया है. जब तक हमारी सभी मांगें पूरी नहीं हो जातीं और वे उन्हें लिखित रूप में नहीं देते, तब तक हम कहीं नहीं जा रहे हैं. यह एक बड़ी जीत है.”