यमुना नदी में डूबे दो सगे भाइयों के शव हरियाणा से बरामद

यमुनानगर: पांवटा साहिब उपमंडल में यमुना नदी में डूबे तीनों युवकों के शव बरामद हो गया हैं। अमित का शव 24 सितंबर को बरामद हुआ था, जबकि दो सगे भाइयों के शव शुक्रवार को बरामद कर लिए गए हैं। मृतकों की पहचान कमलेश (23) और रजनीश (20) निवासी ग्वाली (शिलाई) के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, कमलेश का शव 25 सितंबर की रात पुलिस थाना प्रतापनगर, यमुनानगर (हरियाणा) क्षेत्र में यमुना नहर से बरामद हुआ। स्थानीय पुलिस ने उसे पानी से बाहर निकालकर यमुनानगर शवगृह में रखा। मौके पर पुलिस ने मृतक की पहचान करवाई। उसके बाद शव पांवटा साहिब अस्पताल लाकर शवगृह में रखा गया। जबकि रजनीश का शव शुक्रवार सुबह हथनी कुंड बैराज से आगे यमुना नदी में स्थानीय मछुआरों ने तैरता हुआ देखा। जिसके बाद पुलिस और परिजन मौके पर पहुंचे और शव की शिनाख्त की। जिसके बाद शव को पांवटा साहिब अस्पताल लाया गया है, जहां शव का पोस्टमार्टम किया जाएगा और उसके बाद अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंपा जाएगा।

दो सगे भाइयों के शव हरियाणा से बरामद
इससे पहले 24 सितंबर को तीसरे युवक अमित का शव हरियाणा के कलेसर क्षेत्र से मिला था, जो घटनास्थल से करीब 10 किलोमीटर दूर था। डीएसपी मानवेन्द्र सिंह ठाकुर ने पुष्टि की है कि दोनों युवकों के शव हरियाणा के यमुनानगर व हथनी कुंड क्षेत्र से बरामद कर लिए गए हैं। आगामी कार्रवाई अमल में लाई जा रही है। प्रशासन और रेस्क्यू टीमों ने घटनास्थल पर तुरंत कार्रवाई करते हुए शव बरामद किए और परिजनों को सूचित किया।

गौरतलब है कि यह दुखद घटना 23 सितंबर को उस समय हुई थी, जब तीनों युवक नदी में नहा रहे थे। सबसे पहले अमित तेज बहाव की चपेट में आया। उसे बचाने के लिए दोनों सगे भाई भी नदी में कूद पड़े, लेकिन तीनों ही गहराई में समा गए। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, करीब 15 मिनट तक तीनों युवक जिंदगी और मौत से जूझते रहे, मगर यमुना का तेज बहाव उन्हें बहा ले गया।

उधर, लगातार तलाशी अभियान में जुटे प्रशासन और रेस्क्यू टीमों के प्रयासों के लिए लोगों ने आभार व्यक्त किया है। हालांकि समय बीतने के साथ परिजनों की उम्मीदें क्षीण पड़ गई थीं और गमगीन परिवार अपने बच्चों के अंतिम दर्शनों के लिए व्याकुल है।