देश के खजाने में नोटों की बौछार; टैक्स कलेक्शन में बंपर उछाल, झोली में आए ₹5.21 लाख करोड़

Net Direct Tax Collection : भारतीय अर्थव्यवस्था लगातार मजबूती की ओर बढ़ रही है. 17 जून तक नेट डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन 14.64% बढ़कर 5.21 लाख करोड़ रुपये पहुंच गया है. इसमें कॉर्पोरेट और नॉन- कॉर्पोरेट टैक्स रिसीट्स में मजबूत ग्रोथ का योगदान रहा है. ये जानकारी गुरुवार को जारी आधिकारिक आंकड़ों में सामने आई है.

नेट कॉर्पोरेट टैक्स कलेक्शन 22.47% बढ़कर 2.08 लाख करोड़ रुपये हो गया है. नॉन- कॉर्पोरेट टैक्स कलेक्शन (जिसमें व्यक्ति, HUF, फर्म और अन्य संस्थाएं शामिल हैं) 8.40% बढ़कर 2.94 लाख करोड़ रुपये पहुंच गया है.

सिक्योरिटीज ट्रांजैक्शन टैक्स (STT) से कलेक्शन बढ़कर 18,856 करोड़ रुपये हो गया. ये पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में 13,013 करोड़ रुपये था. इस अवधि में जारी किए गए टैक्स रिफंड 1.19% बढ़कर 89,026 करोड़ रुपये रहे. ग्रॉस डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन 12.46% बढ़कर 6.10 लाख करोड़ रुपये हो गया, जबकि एक साल पहले इसी अवधि में यह 5.42 लाख करोड़ रुपये था. ग्रॉस कॉर्पोरेट टैक्स कलेक्शन 2.77 लाख करोड़ रुपये और नॉन- कॉर्पोरेट टैक्स रिसीट्स 3.15 लाख करोड़ रुपये रहीं.

एडवांस टैक्स कलेक्शन भी बढ़ा
एडवांस टैक्स कलेक्शन सालाना आधार पर 15.3% बढ़कर 1.78 लाख करोड़ रुपये पहुंच गया. कॉर्पोरेट एडवांस टैक्स भुगतान 16.01% बढ़कर 1.41 लाख करोड़ रुपये हो गया. वहीं, नॉन- कॉर्पोरेट एडवांस टैक्स कलेक्शन 12.73% बढ़कर 37,620 करोड़ रुपये दर्ज किया गया. ये आंकड़े बताते हैं कि चालू वित्त वर्ष में कंपनियों की कमाई और करदाताओं की आय में मजबूती बनी हुई है.

रिफंड में मामूली ग्रोथ
इस अवधि के दौरान जारी किए गए रिफंड की राशि 89,025.71 करोड़ रुपये रही. ये पिछले वर्ष की समान अवधि में जारी किए गए 87,979.39 करोड़ रुपये की तुलना में 1.19% अधिक है. रिफंड को समायोजित (घटाने) करने के बाद, नेट डायरेक्ट टैक्स संग्रह 5,21,024.82 करोड़ रुपये तक पहुंच गया. ये वित्त वर्ष 2026 (FY26) की समान अवधि में एकत्रित 4,54,499.18 करोड़ रुपये की तुलना में 14.64% की ग्रोथ दर्शाता है.