भोपाल। मध्य प्रदेश में कड़ाके की ठंड का सितम जारी है। कई जिलों में न्यूनतम तापमान 3 से 7 डिग्री सेल्सियस के बीच रिकॉर्ड किया गया है, जबकि मंदसौर में पारा गिरकर 2.5 डिग्री तक पहुंच गया – जो इस सीजन का सबसे निचला स्तर है। भोपाल, इंदौर, ग्वालियर और उज्जैन जैसे प्रमुख शहरों में भी रात के तापमान में बड़ी गिरावट दर्ज हुई है। सुबह के समय ठंड इतनी तेज है कि लोग घर से निकलने में हिचकिचा रहे हैं।
मौसम केंद्र भोपाल के अनुसार, प्रदेश के 15 से ज्यादा जिलों में सुबह हल्का से मध्यम कोहरा छाया रहा, जिससे विजिबिलिटी कम हो गई और ट्रैफिक प्रभावित हुआ। कोल्ड वेव का येलो अलर्ट जारी किया गया है। शहडोल, अनूपपुर, उमरिया, कटनी और मैहर में विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
ग्वालियर-चंबल, सागर और रीवा संभाग में कोहरे का सबसे ज्यादा असर दिख रहा है। अगले 2-3 दिनों तक ठंड और तेज होने का अनुमान है। लेकिन राहत की बात ये है है कि 19 जनवरी से एक नया वेस्टर्न डिस्टर्बेंस सक्रिय होगा, जिसके चलते 20-21 जनवरी के बाद प्रदेश में बादल छाने और हल्की बारिश/मावठे के आसार हैं। इससे ठंड में भी कमी आएगी।