मोतिहारी (पूर्वी चंपारण)। Mukhyamantri Mahila Rojgar Yojana:मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के तहत शहरी क्षेत्र की महिलाओं के लिए लंबे समय से चला आ रहा इंतजार अब समाप्त होने जा रहा है। बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के दौरान शुरू की गई इस योजना के तहत ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाओं को 10-10 हजार रुपये की सहायता राशि मिल चुकी थी, लेकिन शहरी क्षेत्र की महिलाएं इससे वंचित रह गई थीं।
शहर की महिलाओं ने राहत की सांस
31 दिसंबर 2025 को योजना की अंतिम तिथि घोषित होने के बाद यह आशंका जताई जा रही थी कि शहरी महिलाओं को अब इस योजना का लाभ नहीं मिलेगा। हालांकि अब सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि शहरी क्षेत्र की जिन महिलाओं को अब तक भुगतान नहीं हुआ है, उन्हें भी 10-10 हजार रुपये की राशि दी जाएगी। इसके लिए 31 मार्च तक हर हाल में भुगतान करने का निर्देश जारी किया गया है।
समूह का गठन नहीं होने होने से परेशानी
बताया गया कि शहरी क्षेत्रों में जीविका समूह का गठन नहीं होने के कारण बड़ी संख्या में आवेदन लंबित थे। इसे देखते हुए नगर निगम क्षेत्र के सभी वार्डों में महिलाओं को जीविका समूह से जोड़ने का अभियान तेज कर दिया गया है। आवेदकों का सत्यापन कर समूह का विधिवत गठन किया जा रहा है, ताकि उन्हें योजना का लाभ मिल सके।
दो लाख 77 हजार 857 को भुगतान नहीं
नगर निगम के अलावा जिले के नगर परिषद और नगर पंचायत क्षेत्रों में करीब दो लाख 77 हजार 857 महिलाओं को अब तक भुगतान नहीं हो सका है। जबकि जिले में कुल 10 लाख 7 हजार 234 महिलाओं ने इस योजना के तहत आवेदन किया था। इनमें से 7 लाख 29 हजार 377 महिलाओं को प्राथमिक निवेश निधि के तहत 10 हजार रुपये की राशि उनके बैंक खाते में भेजी जा चुकी है।
बाद में मिलेंगे दो लाख रुपये
योजना के तहत 10 हजार रुपये की राशि से यदि महिलाएं अपने व्यवसाय को आगे बढ़ाती हैं, तो उन्हें सरकार की ओर से दो लाख रुपये तक की अतिरिक्त सहायता भी दी जाएगी। इसके लिए छह माह के भीतर व्यवसाय विस्तार और रोजगार सृजन को लेकर गंभीर प्रयास करना होगा। संबंधित अधिकारी व्यवसाय का मूल्यांकन करेंगे, जिसके बाद अगली किस्त जारी की जाएगी।
सत्या का काम जारी
जिला प्रबंधक जीविका गणेश कुमार ने बताया कि शहरी क्षेत्र की महिलाओं का सत्यापन कर उन्हें समूह से जोड़ा जा रहा है और जल्द ही सभी पात्र महिलाओं को राशि का भुगतान कर दिया जाएगा।