राजस्थान में आधी रात से थमेगी रफ्तार! चक्का जाम से मचेगा हड़कंप

जोधपुर: राजस्थान सरकार द्वारा हाल ही में लागू किए जा रहे विभिन्न परिवहन नियमों के विरोध में प्रदेशभर के परिवहन व्यवसायियों ने रोष देखा जा रहा है. ऑल इंडिया टूरिस्ट परमिट बस ऑनर एसोसिएशन ने इन नियमों को छोटे और मध्यम परिवहन कारोबारियों के लिए आर्थिक रूप से नुकसानदायक बताते हुए अनिश्चितकालीन आंदोलन की घोषणा कर दी है.

एसोसिएशन के सचिव भंवरलाल सियाग ने जानकारी देते हुए बताया कि कल मध्य रात्रि 12 बजे से प्रदेशभर में चक्का जाम किया जाएगा. उन्होंने कहा कि लगातार नए-नए नियम लागू किए जा रहे हैं, जिनसे छोटे ऑपरेटरों पर अतिरिक्त वित्तीय बोझ पड़ रहा है और उनका व्यवसाय प्रभावित हो रहा है.

ग्रामीण और लोक परिवहन सेवाओं पर गंभीर प्रभाव पड़ेगा
इस आंदोलन में स्लीपर बस संचालक, सिटी बस ऑपरेटर, स्टेज कैरिज, ग्रामीण बस सेवा से जुड़े वाहन मालिक शामिल रहेंगे. इसके साथ ही ऑटो रिक्शा और टैक्सी संचालकों ने भी इस विरोध प्रदर्शन को समर्थन देने की घोषणा की है. परिवहन व्यवसायियों का कहना है कि इन नियमों से बड़ी कंपनियों को अप्रत्यक्ष रूप से लाभ मिलने की आशंका है, जबकि छोटे और स्थानीय स्तर पर सेवाएं देने वाले संचालकों की स्थिति कमजोर होगी। उनका दावा है कि यदि यही स्थिति रही तो ग्रामीण और लोक परिवहन सेवाओं पर गंभीर प्रभाव पड़ेगा और आम जनता को भी परेशानियों का सामना करना पड़ेगा.

मांगें पूरी होने तक नहीं थमेगा विरोध
एसोसिएशन ने सरकार से न्यायसंगत और व्यावहारिक समाधान निकालने की मांग की है.उनका कहना है कि जब तक सरकार उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लेती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा. परिवहन कारोबारियों ने स्पष्ट किया है कि यह प्रदर्शन उनके अधिकारों और आजीविका की रक्षा के लिए किया जा रहा है.

आमजन की परेशानी बढ़ने की आशंका
परिवहन व्यवसायियों के इस प्रस्तावित चक्का जाम का सीधा असर आमजन की दैनिक आवाजाही पर पड़ सकता है। यदि बस सेवाएं, टैक्सी और ऑटो संचालन पूरी तरह ठप रहता है तो शहरों के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों में भी यात्रियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है.स्कूल-कॉलेज जाने वाले विद्यार्थियों, नौकरीपेशा लोगों और लंबी दूरी की यात्रा करने वाले यात्रियों पर इसका व्यापक प्रभाव पड़ने की संभावना जताई जा रही है.