बिहार की भी होगी अपनी IPL टीम? BCCI के सामने रखी गई बड़ी मांग, मिला बिना शर्त समर्थन का भरोसा

नई दिल्ली: क्रिकेट के दीवानों से खचाखच भरे बिहार के लिए अब एक ऐसी बड़ी खुशखबरी सामने आ रही है, जो इस राज्य की तकदीर बदल सकती है। देश के दिग्गज उद्योगपति और वेदांता रिसॉर्सेज के चेयरमैन अनिल अग्रवाल ने क्रिकेट के सबसे बड़े मंच यानी आईपीएल में बिहार की हिस्सेदारी को लेकर एक बेहद क्रांतिकारी प्रस्ताव रखा है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर देश के इस मशहूर अरबपति ने हुंकार भरते हुए मांग की है कि चेन्नई, मुंबई और कोलकाता की तरह अब आईपीएल में बिहार की भी अपनी एक बेजोड़ फ्रेंचाइजी होनी चाहिए। इतना ही नहीं, पटना में जन्मे अनिल अग्रवाल ने बिहार के युवाओं और क्रिकेटरों को वर्ल्ड-क्लास इंफ्रास्ट्रक्चर देने के लिए अपनी तरफ से बिना शर्त पूरे सपोर्ट का ऐलान भी कर दिया है। अगर अनिल अग्रवाल की यह जिद और कोशिश आने वाले समय में हकीकत में तब्दील होती है, तो दुनिया की इस सबसे अमीर क्रिकेट लीग का रोमांच एक नए चरम पर पहुंच जाएगा।

ईशान किशन और वैभव सूर्यवंशी का नाम लेकर उठाई आवाज
पटना में जन्मे अनिल अग्रवाल ने बिहार की मिट्टी से निकले तीन बेहतरीन क्रिकेटरों का उदाहरण देते हुए बीसीसीआई और क्रिकेट जगत के सामने अपनी बात रखी। उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा, ‘क्या आपको नहीं लगता कि चेन्नई सुपर किंग्स, मुंबई इंडियंस और कोलकाता नाइट राइडर्स की तरह बिहार की भी अपनी एक बेजोड़ टीम होनी चाहिए? बिहार की मिट्टी ने देश को कई असाधारण क्रिकेटर दिए हैं।’

उन्होंने बिहार के प्रतिभावान खिलाड़ियों का जिक्र करते हुए आगे लिखा, पटना में जन्मे ईशान किशन ने गेंदों के मामले में वनडे इतिहास का सबसे तेज दोहरा शतक जड़ा था। समस्तीपुर के रहने वाले युवा स्टार वैभव सूर्यवंशी जो राजस्थान रॉयल्स का हिस्सा हैं, आईपीएल इतिहास में डेब्यू करने वाले सबसे युवा खिलाड़ी बने। गोपालगंज के एक साधारण परिवार में जन्मे साकिब हुसैन की शानदार गेंदबाजी पर आज पूरी दुनिया की नजरें टिकी हैं। अग्रवाल ने दुख जताते हुए कहा, ‘एक बात मुझे हमेशा परेशान करती है कि हमारे बिहार को क्रिकेट में वह पहचान और सम्मान क्यों नहीं मिला, जिसके हम हकदार हैं?’

बिहार को लेकर कही ये बात
बिहार को देश के सबसे पिछड़े राज्यों में गिना जाता है और लंबे समय तक विवादों के कारण यहां का अपना कोई आधिकारिक क्रिकेट बोर्ड भी नहीं था। हालांकि, कुछ साल पहले ही सुप्रीम कोर्ट के दखल के बाद बिहार क्रिकेट को मान्यता मिली। अनिल अग्रवाल ने राज्य के खिलाड़ियों को वर्ल्ड-क्लास इंफ्रास्ट्रक्चर देने का वादा किया है। उन्होंने आगे लिखा, ‘यह हमेशा से मेरा सपना और प्रयास रहा है कि बिहार के युवाओं को हर क्षेत्र में आगे बढ़ने के पूरे मौके मिलें और हमारे खिलाड़ियों को बिहार में ही विश्व स्तरीय बुनियादी ढांचा और सहयोग मिले। मुझे पूरा भरोसा है कि अगर हमारे बच्चों को सही प्रेरणा और सुविधाएं मिलेंगी, तो बिहार से उभरने वाली टीम दुनिया में सबसे बेहतरीन होगी।’

वेदांता ग्रुप देगा बिना शर्त समर्थन
अरबपति अनिल अग्रवाल ने साफ कर दिया है कि वे इस मुहिम में बिहार के युवाओं के साथ मजबूती से खड़े हैं। उन्होंने घोषणा की कि वे बिहार की क्रिकेट टीम और यहां के खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने के लिए अपनी तरफ से बिना किसी शर्त के पूरा वित्तीय और ढांचागत समर्थन देने के लिए तैयार हैं। उनके मुताबिक, अब समय आ गया है कि बिहार की मिट्टी की प्रतिभा खेल के मैदान पर चमके। आबादी के लिहाज से भी बिहार देश के सबसे बड़े राज्यों में से एक है, जो आईपीएल जैसी बड़ी लीग में अपनी एक स्वतंत्र टीम का हक रखता है।