TMC Crisis: पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री और टीएमसी सुप्रीमो ममता बनर्जी के लिए एक और बुरी खबर सामने आई है. टीएमसी में भारी बगावत के संकेत मिले हैं. ममता बनर्जी जब ‘इंडी’ ब्लॉक की मीटिंग में मोदी को घेरने के लिए मंथन कर रही थीं. उसी समय उनके सांसदों का एक गुट सीक्रेट मीटिंग कर रहा था. वो मीटिंग खत्म होते ही टीएमसी में बड़ी टूट की खबर आने लगी. सूत्रों के मुताबिक टीएमसी के 20 सांसद अपना अलग गुट बना चुके हैं. यह नया गुट एनडीए में शामिल होगा. खबर ये भी है कि इस गुट के नेताओं की बहुत ही जल्द लोकसभा के स्पीकर ओम बिरला से मुलाकात होने वाली है.
दिल्ली में पश्चिम बंगाल पॉलिटिक्स का मेगा फाइनल!
20 टीएमसी सांसद ओम बिरला से मिलने का वक्त मांग चुके हैं. बागी सांसद मूल टीएमसी से अलग होंगे. आपको बताते चलें कि बंगाल में टीएमसी के 58 विधायकों की बगावत और निष्कासित विधायक ऋतब्रत बनर्जी के सदन में विपक्ष का नेता बनने के बाद ही टीएमसी सांसदों के अलगाव होने की खबरें सियासी गलियों में तैरने लगी थीं.
दीदी के हाथ से ‘दिल्ली’ भी गई
20 सांसदों के टाटा बाय-बाय करने के साथ ही अब पश्चिम बंगाल के बाद ‘दीदी’ के लिए दिल्ली भी दूर हो गई है. टीएमसी में अंदरखाने मची भीषण उठापटक के बीच तृणमूल कांग्रेस के 14 सांसदों ने केंद्रीय मंत्री और बीजेपी के दिग्गज नेता भूपेंद्र यादव के आवास पर उनसे मुलाकात कर ली है. इसमे दिलचस्प बात ये रही कि इस मौके पर पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी खुद भी मौजूद रहे. यूं तो अपने चार दशक से भी ज्यादा के पॉलिटिकल करियर में उन्होंने एक से बढ़कर एक विकट हालात का सामना किया है, लेकिन बंगाल और दिल्ली दोनों एक साथ उनके कब्जे से निकल गई हो, ऐसा पहले कभी नहीं हुआ था.
लोकसभा से लेकर राज्यसभा तक टीएमसी को झटके ही झटके लग रहे हैं. राज्यसभा की बात करें तो पार्टी में ममता बनर्जी के बाद दूसरे सबसे वरिष्ठ राज्यसभा सांसद सुखेंदु शेखर राय ने संसद और पार्टी की सदस्यता दोनों से इस्तीफा दे दिया है. सुखेंदु शेखर भी अभी दिल्ली में ही हैं और उन्होंने पार्टी सुप्रीमो ममता बनर्जी को भी अपना इस्तीफा ईमेल कर ये जानकारी सार्वजनिक की है. इससे पहले उन्होंने राज्यसभा के उपसभापति से मुलाकात करने अपना इस्तीफा सौंप दिया था.
लोकसभा, राज्यसभा और पश्चिम बंगाल विधानसभा के अलावा स्थानीय निकायों के टीएमसी नेता भी बड़े पैमाने में इस्तीफा देकर टीएमसी से लगातार अलग होते जा रहे हैं.