पंचायत चुनाव में हार के डर से प्रतिद्वंद्वी को गोकशी में फंसाया

बिजनौर: इसी साल यूपी में प्रस्तावित त्रि-स्तरीय पंचायत चुनाव में जीत हासिल करने के लिए बिजनौर जिले के चांगीपुर गांव के मौजूदा ग्राम प्रधान जगपाल ने अपने सामने चुनाव की ताल ठोकने की तैयारी कर रहे हिस्ट्रीशीटर को गोकशी के झूठे केस में फंसा दिया। पुलिस ने साजिश का पर्दाफाश करते हुए बताया कि प्रधान जगपाल ने चुनावों में अपनी जीत सुनिश्चित करने और संभावित प्रतिद्वंद्वी हसन को रास्ते से हटाने के लिए यह योजना बनाई थी। पुलिस ने ग्राम प्रधान जगपाल, उनके भाई समेत पांच लोगों को गिरफ्तार किया है।

बिजनौर के एसपी ग्रामीण प्रकाश कुमार ने बताया कि 18 जून को ग्राम चांगीपुर में ईख के खेत से गोवंश के अवशेष मिले थे। कुछ लोगों ने हसन और उसके साथियों पर गोकशी का आरोप लगाया था। पुलिस की जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ। बिजनौर पुलिस के अनुसार, हसन नूरपुर थाने का हिस्ट्रीशीटर है। वह ग्राम प्रधान पद का चुनाव लड़ना चाहता है। मौजूदा ग्राम प्रधान जगपाल 10 साल से प्रधान है।

पुलिस का कहना गई कि जगपाल को डर है कि हसन के सामने वह चुनाव हार सकता है। इसी आशंका के चलते जगपाल ने हसन को गोकशी में फंसाकर जेल भिजवाने की साजिश रची। पुलिस ने इस मामले में एक आरोपी फैजान उर्फ सोनू को पकड़ा। उसने पुलिस को बताया कि जुबैर और सलमान के साथ 17 जून की रात को जगपाल प्रधान के खेत में गोकशी कर अवशेष रामअवतार के ईख के खेत में रख दिए। 18 जून की सुबह योजना के तहत पुलिस को सूचना दी। हसन और उसके साथियों पर गोकशी का आरोप लगाया।

पुलिस ने गोकशी करने वाले फैजान उर्फ सोनू, ग्राम प्रधान जगपाल, किरणपाल उर्फ लाला, रामअवतार और ब्रह्मपाल उर्फ संता को गिरफ्तार किया है। पुलिस मुठभेड़ के दौरान फैजान घायल हो गया। पुलिस ने उसके कब्जे से एक अवैध तमंचा 315 बोर, खोखा कारतूस और पशुवध के उपकरण भी बरामद किए हैं। फैजान के साथी जुबैर, सलमान और फारूख उर्फ पप्पू की तलाश जारी है।