बिहार के पूर्व सांसद के घर ड्रग विभाग की रेड, नकली दवाइयां बरामद, किराएदार चला रहा था अवैध कारोबार

गया:बिहार के गया में ड्रग्स डिपार्टमेंट की बड़ी कार्रवाई हुई है. गया शहर के कोतवाली थाना अंतर्गत न्यू एरिया पीपरपांती मुहल्ले में चतरा के पूर्व सांसद दिवंगत रंजीत सिंह उर्फ रंग सिंह के आवास पर छापेमारी की गई. यहां एक किराए के कमरे में नकली और नशीली दवाइयों का बड़ा गोरखधंधा संचालित हो रहा था. इस कार्रवाई में मौके से लाखों रुपए मूल्य की नकली और नशीली दवाइयों की बरामदगी की गई है.

सरकारी बिल्डिंग में अवैध कारोबार: बड़ी बात यह है कि इसी बिल्डिंग के ग्राउंड फ्लोर पर बिहार सरकार के पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग का कार्यालय संचालित होता है. वहीं इसके पहले तल्ले के एक कमरे से नकली और नशीली दवाइयों की सप्लाई का अवैध कारोबार चलाया जा रहा था. इसकी गुप्त सूचना औषधि विभाग को लगी थी. जिसके बाद गया के सिटी डीएसपी सरोज शाह के साथ मिलकर इस बड़े रैकेट का भंडाफोड़ किया गया.

रैपर, मशीन और दवाइयों की बड़ी खेप बरामद: औषधि विभाग की टीम ने मौके से नकली और नशीली दवाइयों की खेप बरामद की है. इसके साथ ही मौके से भारी मात्रा में रैपर, ढक्कन और मशीन आदि की भी बरामदगी की गई है. औषधि विभाग की इस कार्रवाई से कई अहम सुराग मिले हैं. इन सुरागों के आधार पर अन्य चिन्हित स्थानों पर भी छापेमारी चल रही है. पुलिस ने मौके से एक दंपति को हिरासत में लिया है.

पुलिस हिरासत में पति-पत्नी, पूछताछ जारी: हिरासत में लिए गए व्यक्ति का नाम विकास कुमार बताया जा रहा है. पति-पत्नी को हिरासत में लेकर पुलिस की टीम लगातार पूछताछ कर रही है. बरामद दवाओं में भारी संख्या में नशीले कफ सिरप और नींद की गोलियां शामिल हैं. यह दवाइयां प्रतिबंधित श्रेणी में नहीं हैं, किंतु इनके नकली होने की पूरी संभावना है. ड्रग डिपार्टमेंट आरोपियों को हिरासत में लेकर आगे की कानूनी कार्रवाई कर रहा है.

50 लाख मूल्य की दवा बरामद: आधिकारिक तौर पर अभी बरामद दवाओं की कुल कीमत घोषित नहीं की गई है. हालांकि सूत्रों के मुताबिक यह बरामदगी कम से कम 50 लाख रुपए के आसपास की है. प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि इस नेटवर्क के जरिए कई राज्यों में नशीली दवाओं की सप्लाई की जा रही थी. फिलहाल बड़े पैमाने पर मिली नींद की दवाओं और कफ सिरप के इस पूरे नेटवर्क को खंगाला जा रहा है.

“गुप्त सूचना के आधार पर टीम बनाकर आज छापेमारी हुई है, जिसमें बड़े पैमाने पर नींद की दवाइयां, कफ सिरप आदि की बरामदगी हुई है. यह दवाई प्रतिबंधित नहीं है. यह दवाएं असली हैं या नकली हैं, इसकी पड़ताल की जा रही है. अन्य कई सामग्री की भी बरामदगी हुई है. अग्रतर कार्रवाई की जा रही है. पूरे रैकेट को खंगाला जा रहा है.”-विजय कुमार, ड्रग्स कंट्रोलर, गया.