सनी देओल के फैंस के लिए ट्रिपल खुशखबरी, बड़े पर्दे पर री-रिलीज होंगी 3 आइकॉनिक फिल्में; फिर लौटेगा 90s का दौर

Sunny Deol 3 Films to Re Release: बॉलीवुड एक्टर सनी देओल इन दिनों अपनी फिल्म ‘बंटवारा 1947’ को लेकर चर्चा में बने हुए हैं. लंबे वक्त से एक्टर इस फिल्म को लेकर सुर्खियों में हैं. राजकुमार संतोषी के डायरेक्शन में बनी यह पीरियड ड्रामा फिल्म जल्द ही सिनेमाघरों में दस्तक देने वाली है, लेकिन इससे पहले सनी देओल के फैंस को जबरदस्त सरप्राइज मिलने वाला है.

एक तरफ सनी देओल की फिल्म ‘बंटवारा 1947’ सिनेमाघरों में तहलका मचाने को तैयार है, वहीं दूसरी ओर एक्टर थिएटर में ट्रिपल धमाका करने वाले हैं. उनकी एक या दो नहीं, बल्कि तीन सुपरहिट फिल्में ‘घायल’, ‘घातक’ और ‘दामिनी’ सिनेमाघरों में री-रिलीज होने वाली हैं. इस खबर को सुनने के बाद फैंस की खुशी सातवें आसमान पर पहुंच गई है.

सनी देओल का ट्रिपल धमाका
एक्टर सनी देओल की क्लासिक फिल्में ‘घायल’, ‘दामिनी’ और ‘घातक’ को बड़े पर्दे पर दोबारा लाने का फैसला PVR INOX और डायरेक्टर राजकुमार संतोषी ने किया है. इसका मकसद नई जनरेशन को सनी देओल की आइकॉनिक फिल्मों का थिएटर में एक्सपीरियंस कराना है और पुराने फैंस को एक बार फिर इन फिल्मों का थिएटर में लुत्फ उठाने का मौका देना है. ‘बंटवारा 1947’ के सिनेमाघरों में आने से पहले PVR INOX एक्टर की पुरानी फिल्मों को तीन हफ्तों तक दोबारा रिलीज करेगा. इसकी शुरुआत फिल्म ‘दामिनी’ से होगी.

जानें कब होगी कौन-सी फिल्म री-रिलीज
बता दें कि सनी देओल की फिल्म ‘दामिनी’ 24 जुलाई को सिनेमाघरों में री-रिलीज होगी. इसके बाद फिल्म ‘घातक’ 31 जुलाई को री-रिलीज होगी और फिर 7 अगस्त को फिल्म ‘घायल’ को री-रिलीज किया जाएगा. सनी देओल और राजकुमार संतोषी की ये क्लासिक फिल्में उनकी अपकमिंग फिल्म ‘बंटवारा 1947’ के लिए थिएटर में तगड़ा माहौल बना देंगी. इन तीनों फिल्मों ने फिल्म इंडस्ट्री में अपनी एक अलग और खास पहचान बनाई है. इतना ही नहीं, इन फिल्मों ने ऑडियंस के दिलो-दिमाग पर भी गहरी छाप छोड़ी है. यही वजह है कि सालों बाद भी लोगों को ये फिल्में काफी पसंद हैं.

सनी देओल की अपकमिंग फिल्म
सनी देओल की अपकमिंग फिल्म ‘बंटवारा 1947’ को आमिर खान प्रोडक्शंस के साथ मिलकर बनाया गया है. यह फिल्म असगर वजाहत के मशहूर नाटक ‘जिस लाहौर नई वेख्या, ओ जम्या ई नई’ पर आधारित है. यह फिल्म 1947 में भारत-पाकिस्तान के बंटवारे की पृष्ठभूमि पर बनी है.