हिमाचल में जानलेवा हुई बरसात, अब तक 17 लोगों की मौत; 120 से अधिक सड़कें बंद

शिमला। हिमाचल प्रदेश में भारी वर्षा के कारण जनजीवन प्रभावित हुआ है। सोलन में एक दिन में सामान्य से 870, सिरमौर में 743 व शिमला 669 प्रतिशत अधिक वर्षा दर्ज की है। सड़कों पर जलभराव और भूस्खलन के कारण लोगों को नुकसान झेलना पड़ा। प्रदेश में विभिन्न घटनाओं में तीन लोगों की और मौत हो गई। इस तरह मानसूनी सीजन में अब तक 17 लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। वहीं, हाल ही में भूस्खलन की घटना से पांच लोग घायल हो गए।

कुल्लू जिले के आनी उपमंडल के घलाडनाला में पहाड़ी से मलबा गिरने के दौरान सिर पर पत्थर लगने से धोगीधार निवासी 70 वर्षीय शिव राम की मौत हो गई। वह घर से करीब दो किलोमीटर दूर च्वाई स्थित बाजार के लिए पैदल जा रहे थे। आनी में बकरियां चराने गए 62 वर्षीय व्यक्ति की ढांक में गिरने से मौत हो गई।

वर्षा से जंगल का रास्ता फिसलन भरा होने से पैर फिसल गया और वह करीब 100 मीटर गहरी ढांक में गिर गए। पांवटा साहिब उपमंडल के जामनीवाला में किराये के कमरे में रहने वाले उत्तर प्रदेश के सहारनपुर के रहने वाले 25 वर्षीय युवक रोहित कुमार की सांप के काटने से मौत हो गई।

गाड़ी पर पत्थर गिरने से पांच लोग घायल
सोलन जिले के कुनिहार के नरवाड़ गांव में गंभरपुल सरली मार्ग पर पहाड़ी से पत्थर चलती कार पर गिरने से अर्की के एक परिवार के पांच लोग घायल हो गए। गंभीर रूप से घायल दो महिलाओं को आइजीएमसी शिमला रेफर किया गया है।

कुल्लू के इनर अखाड़ा बाजार में भूस्खलन होने से एक साल पहले के जख्म फिर हरे हो गए। इसी स्थान पर पिछले वर्ष भूस्खलन से 10 लोगों की मौत हो गई थी। भूस्खलन प्रभावित पहाड़ी पर तिरपाल बिछाया गया है।

कीरतपुर-मनाली फोरलेन पर वीरवार रात वर्षा के कारण हणोगी बाजार के निकट चट्टान और मलबा सड़क पर गिरा। शुक्रवार सुबह सात बजे बड़ी गाड़ियों के लिए हाईवे बहाल कर दिया गया। झलोगी के पास पहाड़ी से पत्थर गिरने का सिलसिला नहीं रुका। यहां दिल्ली के पर्यटकों की कार पर पत्थर गिरे और पर्यटक वाल-बाल बच गए।

40 लोग घरों में फंसे
जिला सिरमौर के औद्योगिक क्षेत्र कालाअंब में सड़कें तालाब बन गईं। पानी घरों, दुकानों व उद्योगों में घुस गया। मीरपुर कोटला के उद्योगों में पानी भरने से तैयार व कच्चे माल को नुकसान पहुंचा है। अधिकतर मजदूरों के दो से तीन घंटे की देरी से पहुंचने से उत्पादन प्रभावित हुआ है। नाहन के बड़ा चौक स्थित जोशियों वाली गली में सिरमौर रियासत महल का डंगा गिरने से आठ परिवारों के करीब 40 लोग घरों में फंस गए। सिरमौर के कालाअंब में भारी वर्षा से शहर के कई क्षेत्रों में पानी भर गया है।

जिला की प्रमुख नदियों गिरि, वाता, जलाल, टॉस व यमुना का जलस्तर बढ़ रहा है। गिरि नदी का जलस्तर बढ़ने से गिरि जटोन बांध के सभी 10 गेट खोल दिए हैं। शिमला के विकासनगर में रात को पहाड़ी से पत्थर गिरने से दो वाहनों को नुकसान पहुंचा है। टुटू में दो पेड़ गिरने से कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित हुआ। प्रदेश में 120 के करीब संपर्क मार्ग बंद हैं, जिन्हें खोलने के प्रयास किए जा रहे हैं।