शिमला. हिमाचल प्रदेश में मई महीने की शुरुआत लगातार बारिश की वजह से लोगों को गर्मी से राहत मिली. 14 मई तक प्रदेश में बीच बीच में रुक रुक कर बारिश और आंधी तूफान चलता रहा. हालांकि, बीते चार पांच दिन से अब गर्मी दोबारा बढ़ गई है और कांगड़ा के जिले के देहरा गोपीपुर में पारा 40 डिग्री को छु गया है. हालांकि, मौसम विभाग ने अब प्रदेश में एक बार फिर से मौसम बदलने का अनुमान लगाया है.
मौसम विभाग के शिमला केंद्र ने बताया कि हिमाचल में बीते 24 घंटे मौसम शुष्क रहा है और अब 19 से 24 मई तक हल्की बारिश के आसार हैं. मौसम विभाग का कहना है कि अधिकांश केंद्रों के न्यूनतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं हुआ, जबकि कुछ स्थानों पर तापमान में करीब 3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई. कुछ जगहों पर न्यूनतम तापमान सामान्य या सामान्य के आसपास रहा, वहीं कुछ स्थानों पर यह सामान्य से 2-3 डिग्री अधिक रहा.
राज्य में न्यूनतम तापमान उच्च पर्वतीय क्षेत्रों में 4 से 12 डिग्री सेल्सियस, मध्य पर्वतीय क्षेत्रों में 12 से 20 डिग्री सेल्सियस और निचले पर्वतीय और मैदानी इलाकों में 17 से 24 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया. सोमवार को सबसे कम न्यूनतम तापमान लाहौल घाटी के कुकुमसेरी में 4.3 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया. मौसम विभाग के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ उत्तर ईरान और आसपास के क्षेत्रों में चक्रवाती तूफान सक्रिय हो रहा है और इस वजह से हिमाचल प्रदेश में भी 40 किमी की रफ्तार से आंधी आ सकती है.
मौसम विभाग का कहना है कि आगामी 3-4 दिनों में राज्य के अधिकांश हिस्सों में न्यूनतम तापमान में 2-3 डिग्री तथा अधिकतम तापमान में 2-4 डिग्री सेल्सियस तक क्रमिक बढ़ोतरी होने की संभावना है. 21 और 22 मई 2026 को किन्नौर और लाहौल-स्पीति जिलों में 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना है. मौसम विभाग ने पहाड़ी क्षेत्रों में रहने वाले लोगों और पर्यटकों को मौसम के संभावित बदलाव को ध्यान में रखते हुए आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी है. मौसम विभाग ने चार जिलों चंबा, कांगड़ा, मंडी और कुल्लू में 21 और 22 मई को बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है.