Wheat Purchase In MP: मध्य प्रदेश में गेहूं खरीदी का काम तेजी से चल रहा है और इस मामले में प्रदेश देश में पहले नंबर पर है. अब तक राज्य के 10 लाख से ज्यादा किसानों से 63 लाख मीट्रिक टन गेहूं खरीदा जा चुका है. मोहन सरकार ने इस बार 100 लाख मीट्रिक टन गेहूं खरीदने का लक्ष्य रखा है. प्रदेश में इस साल गेहूं की बंपर पैदावार हुई है, इसलिए खरीदी भी तेजी से हो रही है.
राज्य में हर दिन करीब 5 लाख टन गेहूं खरीदा जा रहा है. जिस रफ्तार से खरीदी चल रही है, उससे उम्मीद है कि 23 मई तक सरकार अपना लक्ष्य पूरा कर लेगी. शनिवार और रविवार को भी खरीदी केंद्र खुले हैं और किसानों से गेहूं खरीदा जा रहा है. पहले सरकार ने 78 लाख मीट्रिक टन गेहूं खरीदने का लक्ष्य रखा था, लेकिन बाद में इसे बढ़ाकर 100 लाख मीट्रिक टन कर दिया गया.
किसानों का भुगतान तेजी से हो रहा
सरकार किसानों को भुगतान भी तेजी से कर रही है. अब तक 11 हजार 623 करोड़ रुपए किसानों के खातों में भेजे जा चुके हैं. वहीं, गेहूं बेचने के लिए स्लॉट बुकिंग का काम भी जारी है और अब तक 14.83 लाख किसान स्लॉट बुक करा चुके हैं.
9 अप्रैल से शुरू हुई थी गेहूं खरीदी
प्रदेश में गेहूं खरीदी 9 अप्रैल से शुरू हुई थी और फिलहाल 23 मई तक जारी रहेगी. जरूरत पड़ने पर सरकार तारीख आगे भी बढ़ा सकती है. किसानों को गेहूं का समर्थन मूल्य 2,625 रुपए प्रति क्विंटल दिया जा रहा है. मध्य प्रदेश के सभी 55 जिलों में गेहूं खरीदी का काम लगातार जारी है.