खुशखबरीः शामली महायोजना-2031 मंजूर, जारी होगी अधिसूचना

मुजफ्फरनगर। शासन ने शामली और कैराना संयुक्त महायोजना-2031 को स्वीकृति प्रदान कर दी है। शासन से महायोजना की मूल प्रति प्राप्त होते ही एमडीए की ओर से अधिसूचना जारी कर दी जाएगी, जिससे जनपद शामली में विकास का रास्ता साफ हो जाएगा।

मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण चार वर्ष से शामली महायोजना की तैयारी में जुटा है। जनवरी 2022 को अधिसूचना जारी कर इस मामले में आपत्तियां मांगी गई थीं। वर्ष 2025 की शुरुआत में शासन ने कैराना शहर के विकास को देखते हुए संशोधित महायोजना तैयार करने के निर्देश दिए। 30 जुलाई को प्राधिकरण की 57वीं बोर्ड बैठक में शामली महायोजना-2031(प्रारूप) भाग(क) तथा भाग(ख)-कैराना की पुष्टि की गई, जिसके बाद उसे शासन की स्वीकृति के लिए भेजा गया। तीन बिंदुओं पर मांगी गई रिपोर्ट के बाद शासन ने महायोजना को हरी झंडी दिखा दी।

घटेगा कृषि का रकबा, दो गुना होगा आवासीय क्षेत्र : शामली महायोजना की अधिसूचना जारी होते ही कृषि का रकबा वर्ष 2031 तक घटने के साथ ही आवासीय क्षेत्र का भू भाग दो गुना हो जाएगा। महायोजना में औद्योगिक इकाइयों के लिए आठ प्रतिशत भूभाग प्रस्तावित किया गया है। शामली के 45 प्रतिशत भू भाग को आवासीय उपयोग में लिया जाएगा, जो वर्तमान में क्षेत्र का 22 प्रतिशत है। वर्तमान में शामली शहर क्षेत्र का रकबा 3019.74 हेक्टेयर है, जिसमें आवासीय भू उपयोग क्षेत्र 22.94 प्रतिशत है। औद्योगिक इकाइयों में भूउपयोग मात्र 2.16 प्रतिशत है। जनपद के क्षेत्रफल का सर्वाधिक 62 प्रतिशत भूउपयोग कृषि क्षेत्र में हो रहा है।