Shamli News: उत्तर प्रदेश के शामली जिले के लिए दिल्ली-देहरादून और अंबाला-शामली ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे अगले दो सालों में क्षेत्र की कनेक्टिविटी को नई दिशा देंगे. 15 जनवरी 2026 को दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे ट्रायल के लिए खुलने वाला है, जबकि अंबाला-शामली एक्सप्रेसवे 2026 तक पूरा होने की संभावना है. इससे हल्के और भारी वाहनों की आवाजाही आसान होगी और आर्थिक विकास को बढ़ावा मिलेगा.
प्रशासनिक भवन और अवसंरचना विकास
नए साल 2026 में शामली को नवीन कलक्ट्रेट भवन, विकास भवन, बेसिक शिक्षा कार्यालय की दूसरी मंजिल और जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान की सौगात मिलने की उम्मीद है. शासन द्वारा जारी की गई वित्तीय सहायता से अधूरे कार्यों को तेज़ी से पूरा किया जा रहा है. 26 जनवरी को नवीन कलक्ट्रेट में ध्वजारोहण कार्यक्रम भी प्रस्तावित है, जो नए प्रशासनिक ढांचे की शुरुआत को दर्शाएगा.
प्रशासनिक भवन और अवसंरचना विकास
नए साल 2026 में शामली को नवीन कलक्ट्रेट भवन, विकास भवन, बेसिक शिक्षा कार्यालय की दूसरी मंजिल और जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान की सौगात मिलने की उम्मीद है. शासन द्वारा जारी की गई वित्तीय सहायता से अधूरे कार्यों को तेज़ी से पूरा किया जा रहा है. 26 जनवरी को नवीन कलक्ट्रेट में ध्वजारोहण कार्यक्रम भी प्रस्तावित है.
मनोरंजन पार्क और सार्वजनिक सुविधाएं
कलक्ट्रेट परिसर में मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण द्वारा पांच करोड़ रुपये की लागत से एक आधुनिक मनोरंजन पार्क बनाया जा रहा है. यहां हाई मास्क लाइट, गोलाकार फव्वारा, चारदीवारी, फुटपाथ और सुरक्षा व्यवस्था जैसी सुविधाएं शामिल होंगी. ठेकेदार की मानें तो यह पार्क 31 मार्च 2026 तक पूरी तरह तैयार हो जाएगा
पुलिस लाइन और पीएसी कैंप का निर्माण
गोहरनी और भैंसवाल में प्रस्तावित नई पुलिस लाइन का निर्माण लगभग 95 प्रतिशत पूरा हो चुका है और मार्च तक कार्य पूर्ण होने की संभावना है. इसी प्रकार, कैराना क्षेत्र के ऊंचागांव में पीएसी कैंप का निर्माण भी अंतिम चरण में है. इन परियोजनाओं के पूरा होने से क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होगी और पुलिस बल को बेहतर अधोसंरचना उपलब्ध होगी.
नया विकास प्राधिकरण और शहरी विस्तार
शामली जिले की सीमा विस्तार के साथ 2025 में शामली महायोजना 2031 में कैराना को जोड़कर शासन को नया प्रस्ताव भेजा गया है. आने वाले समय में जिले को एक नया विकास प्राधिकरण मिलने की उम्मीद है. इससे शहर में योजनाओं के क्रियान्वयन, निर्माण कार्यों की गति, सड़कें, भवन और शहरी सुविधाओं के विकास में तेजी आएगी तथा समग्र रूप से जिले का इंफ्रास्ट्रक्चर बेहतर होगा.
शिक्षा और सरकारी कार्यालयों का संचालन
विकास भवन और बेसिक शिक्षा कार्यालय की दूसरी मंजिल का निर्माण लगभग पूरा हो चुका है और 2026 की शुरुआत में इन्हें संचालन में लाया जाएगा. बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा 80 लाख रुपये की लागत से निर्माण कार्य तेजी से किया जा रहा है. जिलाधिकारी अरविंद कुमार चौहान ने कहा कि लक्ष्य है कि सभी अधूरी परियोजनाओं को नए साल में पूरा कर जिले को आधुनिक सुविधाओं से जोड़ दिया जाए.