‘भारत-पाकिस्तान के बीच सामान्य हों हालात’, पीएम मोदी-शहबाज को चिट्ठी

नई दिल्ली: भारत और पाकिस्तान के 100 से ज्यादा प्रमुख नागरिकों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पीएम शहबाज को पत्र लिखकर ‘लगातार चल रही दुश्मनी’ को खत्म करने की मांग की है। पीएम मोदी को लिखे पत्र पर हस्ताक्षर करने वालों में नेशनल कॉन्फ्रेंस के प्रमुख फारूक अब्दुल्ला, आरजेडी सांसद मनोज झा और AJUP नेता हुमायूं कबीर शामिल हैं। इन्होंने नई दिल्ली और इस्लामाबाद में हाई कमिश्नरों की बहाली, सामान्य वीजा सेवाओं को फिर से शुरू करने और एयरस्पेस को दोबारा खोलने की मांग की है।

ऑपरेशन सिंदूर के एक साल बाद, भारत और पाकिस्तान के 100 से ज्यादा जाने-माने नागरिकों ने पीएम मोदी और उनके पाकिस्तानी समकक्ष शहबाज शरीफ से अपील की है। उन्होंने कहा कि जारी दुश्मनी की वजह से दोनों तरफ के लाखों युवा मौकों, खुशहाली और सुरक्षित भविष्य से वंचित हो रहे हैं। उन्होंने दोनों देशों के नागरिकों के लिए सामान्य वीजा सेवाएं फिर से शुरू करने के साथ-साथ पूर्ण राजनयिक संबंध बहाल करने और नई दिल्ली-इस्लामाबाद में हाई कमिश्नर की नियुक्ति करने की भी मांग की।

‘सेंटर फॉर पीस एंड प्रोग्रेस’ की ओर से जारी एक खुले पत्र में, जिस पर भारत और पाकिस्तान की अहम राजनीतिक हस्तियों समेत 117 लोगों ने हस्ताक्षर किए थे। इसमें कई सुझाव दिए गए। इनमें तुरंत राजनयिक कदम उठाने से लेकर व्यवस्थित बातचीत फिर से शुरू करने, लोगों के बीच संपर्क बहाल करने और धार्मिक व सांस्कृतिक आवाजाही को बढ़ावा देने जैसे सुझाव शामिल थे।

भारत की ओर से पत्र पर हस्ताक्षर करने वाले 61 लोगों की सूची में नेशनल कॉन्फ्रेंस के प्रमुख डॉ. फारूक अब्दुल्ला, अलगाववादी नेता मीरवाइज उमर फारूक, पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती, आरजेडी सांसद मनोज झा, टीएमसी के पूर्व मंत्री और मौजूदा AJUP नेता हुमायूं कबीर शामिल थे। उन्होंने अपील की है कि वे दोनों देशों के बीच शांति, बातचीत और सामान्य संबंध बहाल करने की दिशा में सार्थक और लगातार कदम उठाएं।