DSP खत्री ने हेड कॉन्स्टेबल को मारा था थप्पड़, भड़के नागौर सासंद हनुमान बेनीवाल

बाड़मेर : जिले के चौहटन डीएसपी जीवनलाल खत्री और उनके ड्राइवर हेड कॉन्स्टेबल रामूराम मेघवाल के बीच विवाद का मामला सुर्खियों में है। आरोप है कि डीएसपी ने ड्राइवर को थप्पड़ जड़ दिया। यह विवाद दबा दिया गया था, लेकिन हेड कॉन्स्टेबल का ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मामले ने फिर तूल पकड़ लिया है। आरएलपी (राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी) सुप्रीमो और सांसद हनुमान बेनीवाल ने ट्वीट कर पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच की मांग की है।

रात में लौटा विवाद
घटना गुरुवार, 11 सितंबर की रात की बताई जा रही है। जानकारी के अनुसार, चौहटन डीएसपी जीवनलाल खत्री अपने रीडर गोपीकिशन कटारिया और ड्राइवर रामूराम के साथ धनाऊ थाना क्षेत्र में जांच के लिए गए थे। रात करीब 9:30 बजे लौटते समय गाड़ी चलाने को लेकर बहस बढ़ गई। आरोप है कि इसी दौरान डीएसपी ने हेड कॉन्स्टेबल रामूराम को थप्पड़ मार दिया।

रामूराम का कहना है, “मेरे अधिकारी मेरे साथ नहीं हैं। इस माहौल में नौकरी नहीं कर सकता, मुझे सेवानिवृत्ति दी जाए।” उन्होंने यह भी बताया कि एएसपी जसाराम बोस ने मौके पर पहुंचकर उनसे समझौता लिखवाया, लेकिन बाद में एसपी को पूरी जानकारी देने पर भी उन्हें न्याय नहीं मिला।

ऑडियो वायरल
इस मामले से जुड़ा एक ऑडियो सोशल मीडिया पर सामने आया है, जिसमें हेड कॉन्स्टेबल रामूराम समाज के किसी व्यक्ति से बात कर रहे हैं। ऑडियो वायरल होने के बाद यह मुद्दा पुलिस महकमे में चर्चा का विषय बन गया है।
डीएसपी का पक्ष

डीएसपी जीवनलाल खत्री ने आरोपों से इनकार किया है। उनका कहना है, “ड्राइवर गाड़ी लापरवाही से चला रहा था। मैंने गाड़ी रुकवाई और दूसरी गाड़ी बुला ली। उसने बार-बार रास्ता रोका। अब लोगों के कहने पर झूठे आरोप लगाकर मामले को तूल दिया जा रहा है।”

बेनीवाल ने साधा निशाना
आरएलपी सुप्रीमो हनुमान बेनीवाल ने ट्वीट कर लिखा कि अधीनस्थ कर्मचारी के साथ अधिकारी का ऐसा बर्ताव निंदनीय है। उन्होंने सरकार से मांग की कि इस पूरे घटनाक्रम की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए और दोषी पर न्यायोचित कार्रवाई हो।