अजमेर: राजस्थान के अजमेर जिले में गुरुवार सुबह एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। बोराड़ा थाना क्षेत्र के श्रीरामपुरा गांव में स्कॉर्पियो कार में आग लगने से पूर्व सरपंच समेत चार लोगों की मौत हो गई। शुरुआती तौर पर इसे सड़क हादसा माना जा रहा था, लेकिन घटनास्थल और घर से मिले सबूतों ने मामले को हत्या की आशंका की ओर मोड़ दिया है। पुलिस अब इस मामले की जांच हत्या और हादसा दोनों एंगल से कर रही है।
पूर्व सरपंच, मां, पत्नी और भांजी की मौत
घटना गुरुवार सुबह करीब 5:30 बजे की बताई जा रही है। हादसा शहर से लगभग 60 किलोमीटर दूर हुआ। मृतकों की पहचान पूर्व सरपंच रामसिंह चौधरी, उनकी मां और पूर्व सरपंच पूसी देवी, पत्नी सुरज्ञान देवी तथा भांजी महिमा के रूप में हुई है। इनमें से तीन शव स्कॉर्पियो की पिछली सीट पर जले हुए मिले, जबकि सुरज्ञान देवी की अधजली लाश खेत में पड़ी मिली।
अस्पताल ले जाने की कहानी पर उठे सवाल
जानकारी के अनुसार, पूसी देवी की तबीयत खराब होने और सीने में दर्द की शिकायत के बाद परिवार उन्हें अस्पताल ले जाने की बात कह रहा था। हालांकि पुलिस को घटनास्थल और परिस्थितियों में कई ऐसे तथ्य मिले हैं, जो इस कहानी पर सवाल खड़े कर रहे हैं।
गलत रास्ते पर मिली स्कॉर्पियो, सीटें भी थीं फोल्ड
पुलिस जांच में सामने आया कि यदि परिवार मरीज को अस्पताल ले जा रहा था तो उन्हें बोराड़ा की तरफ जाना चाहिए था, लेकिन स्कॉर्पियो दूसरी दिशा यानी अराई रोड पर मिली। इसके अलावा गाड़ी की सीटें फोल्ड अवस्था में मिलीं, जबकि सामान्य स्थिति में लोग बैठकर सफर करते तो सीटें खुली होतीं।
घर से मिले खून के निशान और संदिग्ध सबूत
घटना के बाद पुलिस ने जब घर की जांच की तो वहां से भी कई संदिग्ध सबूत मिले। घर में खून के निशान पाए गए। साथ ही दो ईंटें और एक माचिस बरामद हुई, जिस पर खून लगा हुआ था। पुलिस को यह भी जानकारी मिली कि पास में खड़े ट्रैक्टर से डीजल निकाला गया था। सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि घर पूरी तरह धुला हुआ मिला, जिससे सबूत मिटाने की आशंका जताई जा रही है।
जिला परिषद सदस्य थीं सुरज्ञान देवी
सुरज्ञान देवी जिला परिषद सदस्य थीं और परिवार का कांग्रेस से जुड़ाव बताया जा रहा है। पुलिस को सुरज्ञान देवी के गले पर चोट और खून के निशान भी मिले हैं, जिससे हत्या की आशंका और गहरी हो गई है।
पुलिस हत्या मानकर कर रही जांच
अजमेर एसपी हर्षवर्धन अग्रवाला ने बताया कि फिलहाल घटना के पीछे के कारणों का खुलासा नहीं हो पाया है, लेकिन पुलिस इसे हत्या मानकर जांच कर रही है। उन्होंने कहा कि चारों शव घर से करीब 500 मीटर दूर जली हुई हालत में मिले हैं। महिला के शरीर पर चोट के निशान भी पाए गए हैं। पुख्ता सबूत मिलने के बाद ही पुलिस किसी निष्कर्ष पर पहुंचेगी।
दूसरी पत्नी और बेटे से पूछताछ
मामले में पुलिस ने पूर्व सरपंच रामसिंह चौधरी की दूसरी पत्नी, बेटे और परिवार के कुछ अन्य लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।
सोशल मीडिया पोस्ट से बढ़ा रहस्य
इस बीच पूर्व सरपंच Ramसिंह चौधरी का एक सोशल मीडिया पोस्ट भी सामने आया है, जिसने मामले को और रहस्यमय बना दिया है। पोस्ट में उन्होंने लिखा था, “साथियों क्या मुझे वापस पुलिस सुरक्षा मिलनी चाहिए। क्या मैं मेरे हक की लड़ाई लड़ रहा हूं। जो भी सहमत हैं, मेरी मदद करें। आशा है आप बड़े ओहदे वाले एमपी, एमएलए और मंत्री से सवाल करेंगे।”
गांव में सनसनी, हर एंगल से जांच में जुटी पुलिस
इस पोस्ट के सामने आने के बाद यह सवाल भी उठ रहा है कि क्या रामसिंह किसी विवाद या दबाव में थे। फिलहाल पुलिस हर पहलू की जांच में जुटी हुई है। पूरे इलाके में इस घटना के बाद सनसनी फैली हुई है और ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखा जा रहा है।