बाराचट्टी (गया)। ग्रामीण क्षेत्र की बेटियों को विवाह के नाम पर राजस्थान में बेचने वाले संगठित मानव तस्करी गिरोह का बाराचट्टी थाना पुलिस ने रविवार के अल सुबह पर्दाफाश किया है।
इस गिरोह के मुख्य बदमाश संजय पासवान, मुसेहनी गांव का रहने वाला है। पुलिस ने इमामगंज थाना क्षेत्र के गगंटी से उसकी बहन के घर छापेमारी कर नाटकीय ढंग से गिरफ्तार किया।
यह कार्रवाई पुलिस निरीक्षक सह थानाध्यक्ष अमरेंद्र किशोर के नेतृत्व में की गई,मामले की अनुसंधानकर्ता पुलिस अवर निरीक्षक सरस्वती कुमारी भी टीम में शामिल रहीं।
शादी कराने का झांसा देकर बेचा
थानाध्यक्ष ने बताया कि संजय पासवान ने मंझौली गांव के रहने वाले आदित्य पासवान की पुत्री का विवाह कराने का झांसा देकर राजस्थान में 36 वर्षीय हरि किशन को बेच दिया, जो कि ग्राम शिखरानी, गवरियानो बारी की बस्ती, मसूदा (राजस्थान) का रहने वाला है।
जांच के दौरान यह भी सामने आया कि हरि किशन ने अपने आधार कार्ड को स्कैन कर डुप्लीकेट आधार तैयार किया और उसमें पता बदलकर ग्राम सासाराम दर्शाया। जबकि आदित्य पासवान के आवेदन के आधार पर की गई जांच में असली आधार कार्ड पर सुखपाल नामक व्यक्ति का राजस्थान निवासी होना पाया गया।
पति-पत्नी गिरोह में शामिल
थानाध्यक्ष ने बताया कि इस अवैध कारोबार में रामरतन तेली, निवासी अजमेर राजस्थान तथा संजय पासवान की पत्नी कंचन देवी भी सक्रिय रूप से शामिल हैं। पति-पत्नी मिलकर इलाके की लड़कियों को बाहर ले जाकर बेचने का धंधा करते थे।
पुलिस के अनुसार संजय पासवान स्वयं तीन विवाह कर चुका है। इस मामले में 9 जनवरी 2026 को आदित्य पासवान के बयान पर नामजद प्राथमिकी दर्ज की गई थी, जिसके बाद से संजय फरार चल रहा था और अपनी बहन के यहां छिपा हुआ था।
इससे पहले पुलिस ने संजय की पत्नी समेत तीन लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। बाराचट्टी थानाध्यक्ष की तत्परता और कड़ी कार्रवाई से मानव तस्करी जैसे जघन्य अपराध के खिलाफ पुलिस की मजबूत मंशा सामने आई है।