यूपी पंचायत चुनाव की फाइनल वोटर लिस्‍ट अब 6 फरवरी को आएगी, स्‍लो स्‍पीड के चलते बढ़ी तारीख

लखनऊ: उत्तर प्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के लिए मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन अब 6 फरवरी 2026 को किया जाएगा। पहले यह तिथि 15 जनवरी 2026 तय थी, लेकिन समय-सारिणी में बदलाव कर नई तारीख घोषित कर दी गई है।

राज्य निर्वाचन आयोग ने पंचायत चुनावों के लिए निर्वाचक नामावली के वृहद पुनरीक्षण (SIR) की संशोधित समय-सारिणी जारी की है। नए कार्यक्रम के अनुसार ड्राफ्ट मतदाता सूची 23 दिसंबर को जारी होगी, जबकि दावे और आपत्तियों का निस्तारण 31 दिसंबर से 6 जनवरी तक किया जाएगा।

जिला निर्वाचन अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे निर्धारित समय के भीतर कंप्यूटरीकृत मतदाता सूची तैयार कर सभी स्तरों पर जांच और मिलान का कार्य पूरा करें। अंतिम मतदाता सूची के आधार पर ही उत्तर प्रदेश पंचायत चुनाव 2026 की अधिसूचना और आगे की चुनावी प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी।

अंतिम सूची 6 फरवरी को
संशोधित कार्यक्रम के तहत अब अंतिम मतदाता सूची 6 फरवरी को प्रकाशित की जाएगी, जिसे आम जनता के लिए उपलब्ध कराया जाएगा। 30 जनवरी से 5 फरवरी के बीच मतदान केंद्रों और मतदेय स्थलों का सत्यापन, मतदाताओं की क्रम संख्या निर्धारण, वार्डवार मैपिंग और मतदाता सूची की फोटो प्रतियां तैयार करने का काम पूरा किया जाएगा।

मतदाताओं की संख्या और चुनौतियां
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की मतदाता सूची में फिलहाल करीब 12.43 करोड़ मतदाताओं के नाम दर्ज हैं। सूची में लगभग 90.76 लाख मतदाताओं के नाम दो या तीन बार दर्ज होने के कारण करीब 2.27 करोड़ डुप्लीकेट मतदाता चिन्हित हुए हैं, जिन्हें हटाने की प्रक्रिया सुस्त रहने की वजह से समय सीमा बढ़ानी पड़ी।

जिलों पर आयोग की सख्ती
आयोग की ओर से अगस्त से ही जिलों को डुप्लीकेट मतदाताओं के नाम हटाने और नए योग्य मतदाताओं के नाम जोड़ने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन कई जिलों में काम की रफ्तार धीमी रही। वर्तमान में विधानसभा और लोकसभा मतदाता सूचियों के विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण (SIR) के कारण भी पंचायत मतदाता सूची के कार्य में देरी हो रही है, जिसे देखते हुए आयोग ने अंतिम प्रकाशन की तिथि आगे बढ़ाई है।