उत्तराखंड में बायकॉट का शोर, हिमाचल के पर्यटन में उछाल, जानें पूरा मामला

शिमला: उत्तराखंड में पर्यटन को लेकर चल रहे विवाद और हरियाणा के कुछ सामाजिक संगठनों और सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर जारी बायकॉट मुहिम का असर हिमाचल प्रदेश के पर्यटन कारोबार पर दिखाई देना शुरू हो गया है। प्रदेश के प्रमुख पर्यटन स्थलों शिमला, मनाली, कुफरी, नारकंडा, कसौली, चायल, धर्मशाला और डलहौजी में पर्यटकों की संख्या में भारी बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। पर्यटन कारोबार से जुड़े लोगों का कहना है कि उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में पड़ रही भीषण गर्मी और उत्तराखंड से जुड़े विवादों के कारण बड़ी संख्या में पर्यटक अब हिमाचल को प्राथमिकता दे रहे हैं।

राजधानी शिमला और पर्यटन नगरी मनाली में वीकएंड के लिए होटलों की बुकिंग लगभग फुल चल रही है। कई होटल संचालकों के अनुसार जून के अंतिम सप्ताह तक अधिकांश होटलों में अग्रिम बुकिंग हो चुकी है, जबकि जुलाई के पहले और दूसरे सप्ताह के लिए भी पूछताछ लगातार जारी है। अगर बरसात जल्दी रफ्तार नहीं पकड़ती तो इस बार सीजन के 15 जुलाई तक सक्रिय रहने की उम्मीद है। शिमला के मालसड़क, रिज मैदान, कुफरी और नारकंडा में इन दिनों पर्यटकों की अच्छी खासी भीड़ देखने को मिल रही है। वहीं मनाली, सोलंगनाला, अटल टनल, सिस्सू और रोहतांग मार्ग पर भी वाहनों की आवाजाही बढ़ गई है। सप्ताहांत पर कई स्थानों पर ट्रैफिक दबाव भी देखने को मिल रहा है।

फेडरेशन ऑफ होटल एंड रेस्तरां एसोसिएशन के अध्यक्ष गजेंद्र चंद ठाकुर का कहना है कि हरियाणा, पंजाब, दिल्ली, चंडीगढ़ और राजस्थान से आने वाले पर्यटकों की संख्या में पिछले कुछ दिनों के दौरान तेजी आई है। सोशल मीडिया पर उत्तराखंड के बहिष्कार से जुड़े संदेशों के बीच बड़ी संख्या में परिवार और युवा समूह हिमाचल के पर्यटन स्थलों की ओर रुख कर रहे हैं। हालांकि पर्यटकों के लिए सबसे बड़ा आकर्षण अभी भी हिमाचल का सुहावना मौसम और शांत वातावरण है। ट्रैवल एजेंट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष नवीन पॉल का कहना है कि पिछले कुछ वर्षों में पर्यटन क्षेत्र को कोविड महामारी, प्राकृतिक आपदाओं और मौसम की चुनौतियों का सामना करना पड़ा था, लेकिन इस बार सीजन अपेक्षाकृत बेहतर रहने की उम्मीद है। होटल ऑक्यूपेंसी में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। ऑल हिमाचल कमर्शियल व्हीकल ज्वाइंट एक्शन कमेटी के अध्यक्ष राजेंद्र ठाकुर का कहना है कि यदि मौसम अनुकूल रहा और किसी प्रकार की प्राकृतिक बाधा नहीं आई तो आगामी एक महीने तक हिमाचल के पर्यटन कारोबार को इसका लाभ मिलेगा।

हिमाचल में भी सामने आए पर्यटकों के हुड़दंग के मामले
उत्राखंड की तरह हिमाचल प्रदेश में भी हाल के महीनों में कुछ पर्यटकों, विशेषकर पंजाब से आने वाले युवाओं द्वारा हुड़दंग, तेज रफ्तार ड्राइविंग, शराब के नशे में उत्पात और स्थानीय लोगों से विवाद की घटनाएं सामने आई हैं। ऐसे मामलों में पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा तथा कई पर्यटकों के चालान और गिरफ्तारियां भी हुईं। हालांकि अधिकांश पर्यटक नियमों का पालन करते हैं, लेकिन कुछ घटनाओं ने पर्यटन स्थलों पर कानून-व्यवस्था और जिम्मेदार पर्यटन को लेकर बहस तेज कर दी है।