चक्काजाम करने वालों पर FIR: रायगढ़ में सड़क पर शव रखकर विरोध, NH-53 को पांच घंटे किया जाम

रायगढ़: छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में एक सड़क हादसे के बाद ग्रामीणों ने राष्ट्रीय राजमार्ग पर चक्काजाम कर दिया। सोमवार दोपहर हुई इस घटना में एक ग्रामीण की मौत हो गई थी। पुलिस ने अब चक्काजाम करने वाले ग्रामीणों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में अपराध दर्ज किया है। यह मामला पुसौर थाना क्षेत्र का है।

रायगढ़ पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, सोमवार दोपहर पुसौर थाने की पुलिस टीम को सूचना मिली। राष्ट्रीय राजमार्ग-53 पर एक अज्ञात वाहन की टक्कर से शंकरध्वज निषाद की मौके पर ही मौत हो गई थी। शंकरध्वज निषाद 40 साल के थे और टपरदा के निवासी थे। सूचना मिलते ही पुलिस टीम तत्काल घटनास्थल पर पहुंची। वहां भारी संख्या में ग्रामीण एकत्र होकर शव को सड़क पर रखकर चक्काजाम कर रहे थे।

इस कारण राष्ट्रीय राजमार्ग-53 पर वाहनों का परिचालन पूरी तरह से बंद हो गया था। जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया। हालांकि, उनकी समझाइश के बावजूद राष्ट्रीय राजमार्ग-53 पर 5 घंटे तक यातायात प्रभावित रहा। बाद में, सहायता राशि दिए जाने के बाद ही जाम हटाया जा सका। इसके उपरांत शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।

सोमवार दोपहर राष्ट्रीय राजमार्ग-53 पर एक दुखद सड़क हादसा हुआ। एक अज्ञात वाहन ने 40 वर्षीय शंकरध्वज निषाद को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि निषाद की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। यह घटना पुसौर थाना क्षेत्र के अंतर्गत हुई। ग्रामीणों ने मृतक के शव को सड़क पर रखकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। उन्होंने न्याय और सहायता राशि की मांग की।

ग्रामीणों के चक्काजाम के कारण राष्ट्रीय राजमार्ग-53 पूरी तरह से अवरुद्ध हो गया। इस मार्ग पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं, जिससे यात्रियों को परेशानी हुई। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और स्थिति को संभालने का प्रयास किया। उन्होंने प्रदर्शनकारियों से सड़क खाली करने की अपील की। लेकिन ग्रामीण अपनी मांगों पर अड़े रहे और लगभग 5 घंटे तक जाम जारी रहा। यह जाम तब हटा जब प्रशासन ने सहायता राशि देने का आश्वासन दिया।

पुसौर पुलिस ने अब चक्काजाम करने वाले ग्रामीणों के खिलाफ कार्रवाई की है। पुलिस ने बलवा करने का अपराध दर्ज किया है। राजमार्ग अवरुद्ध करने का आरोप भी लगाया गया है। इसके साथ ही शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाने का मामला भी दर्ज हुआ है। गाली-गलौज और धमकी देने जैसे कृत्यों के आधार पर भी अपराध दर्ज किया गया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की।