‘शिवभक्तों को न हो असुविधा’, उत्तराखंड ADG ने की कांवड़ यात्रा की तैयारियों की समीक्षा

श्रावण कांवड़ यात्रा-2026 को सकुशल, सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए उत्तराखंड पुलिस पूरी तरह तैयार है. हरिद्वार के रोशनाबाद स्थित पुलिस लाइन में एडीजी वी. मुरुगेशन ने वरिष्ठ पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों के साथ मेला ड्यूटी में तैनात अधिकारियों और जवानों की ब्रीफिंग की. उन्होंने कहा कि कांवड़ यात्रा का उद्देश्य श्रद्धालुओं को सुरक्षित और सुगम यात्रा उपलब्ध कराना है. शिवभक्तों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए सभी अधिकारियों को विशेष दिशा-निर्देश दिए गए हैं.

साथ ही स्थानीय नागरिकों को भी परेशानी न हो, इसके लिए ट्रैफिक, सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन की पुख्ता व्यवस्था की गई है. डीजीपी ने श्रद्धालुओं से अपील की कि वे कानून व्यवस्था का पालन करें, हुड़दंग न करें और किसी भी प्रकार के हथियार, त्रिशूल या प्रतिबंधित सामान के साथ यात्रा में शामिल न हों.

कांवड़ मेले की सुरक्षा में 10 पुलिसकर्मी किए गए तैनात
आईजी नीलेश आनंद भरणे ने बताया कि कांवड़ मेले की सुरक्षा के लिए करीब 10 हजार पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है. पूरे मेला क्षेत्र को सेक्टर और जोन में बांटा गया है. साथ ही पीएसी, एसडीआरएफ, जल पुलिस, एटीएस, डॉग स्क्वायड समेत विभिन्न सुरक्षा बलों को तैनात किया गया है. जगह-जगह सीसीटीवी कैमरों और अत्याधुनिक कंट्रोल रूम के जरिए हर गतिविधि पर नजर रखी जाएगी.

घाटों की सुरक्षा के लिए भी जल पुलिस सहित विशेष टीमें रहेंगी तैनात
वहीं, आईजी गढ़वाल आनंद स्वरूप ने कहा कि मेला ड्यूटी में तैनात सभी अधिकारियों और बाहर से आई फोर्स को विस्तृत ब्रीफिंग दे दी गई है. उन्होंने कहा कि पुलिस की पूरी प्राथमिकता कांवड़ यात्रा को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सुगम बनाना है, जबकि घाटों की सुरक्षा के लिए भी जल पुलिस सहित विशेष टीमें लगातार तैनात रहेंगी.

ड्रोन से सम्पूर्ण मेला क्षेत्र की होगी निगरानी
इसके अलावा यातायात प्रबंधन एवं डायवर्जन प्लान एसपी क्राईम/ट्रैफिक निशा यादव के जिम्मे होगा. साथ ही 10 ड्रोन कैमरों से संपूर्ण मेला क्षेत्र की कड़ी निगरानी की जाएगी, सीसीटीवी कैमरा भी अहम जिम्मेदारी के लिए तैयार हैं. अलग-अलग स्थानों पर सहायता केंद्र बनाए गए हैं, 24×7 पुलिस/ फायर एवं मेडिकल ऑफिसर्स नियुक्त रहेंगे.

यात्राकाल में पुलिस वेलफेयर के लिए अलग टीम नियुक्त, भोजन/ पानी/ रेनकोट/ दवाई इत्यादि का वितरण किया जाएगा. एडीजी ने मेला ड्यूटी में तैनात अधिकारियों और जवानों से ब्रीफिंग में कहा कि, कांवड़ मेला 2026 को सकुशल सम्पन्न कराना हर एक जवान की जिम्मेदारी है, उम्मीद है कि आप सभी अपना 100% देगें.