देश में ही नहीं विदेशों में भी ऑनर किलिंग के मामले लगातार सामने आ रहे हैं. ताजा मामला नीदरलैंड से सामने आया है जहां 24 मई 2024 को रयान अल नज्जर (18) नाम की युवती की उसके पिता और भाइयों ने सिर्फ इसलिए हत्या कर दी थी क्यों कि वो हिजाब नहीं पहनती थी, सोशल मीडिया पर एक्टिव रहती थी, टिक-टॉक के वीडियो बनाती थी और उसका एक डच ब्वॉयफ्रैंड था. बेटी के वेस्टर्न बिहैवियर से इस्लामिक परिवार खुश नहीं था. रयान का शव 28 मई 2024 को नॉर्थ नीदरलैंड की एक नहर में मिली थी.
रयान की डेडबॉडी मिली तो उसका मुंह बंद था और उसका शरीर टेप से बांधा हुआ मिला था. जौरे में रहने वाली अपने कत्ल से 6 दिन पहले ही अपने पड़ोसियों को दिखाई दी थी. पुलिस को ऑनर किलिंग पर शक तब हुआ जब रयान के पड़ोसियों ने बताया कि साल 2023 में एक बार रयान मदद के लिए अपने घर से नंगे पांव भाग रही थी और भागते हुए वो चिल्ला रही थी कि ‘मेरे पिता मेरी हत्या करना चाहते हैं’ पड़ोसियों के इस बयान के बाद पुलिस ने इस मामले की ऑनर किलिंग के नजरिए से जांच शुरू की.
कोर्ट में पब्लिक प्रॉसिक्यूटर ने बताई ऑनर किलिंग की वजह
पब्लिक प्रॉसिक्यूटर ने कोर्ट में जिरह करते हुए रयान की ऑनर किलिंग के पीछे की वजह बताते हुए कहा, ‘रयान ने हेडस्कार्फ़ पहनना बंद कर दिया था. वो लड़कों से मिलती थी और सोशल मीडिया पर एक्टिव रहती थी. रयान की इन हरकतों को उसके पिता और भाई ने गलत समझा. रयान TikTok पर लाइव वीडियोज अपलोड करती थी जिसमें वो बिना हिजाब के और मेकअप के साथ लाइव आती थी.’ रयान के नाखून में उसके पिता खालिद का डीएनए मिला था जिससे ये साबित होता है कि वो उस जगह पर मौजूद था जहां पर रयान की हत्या हुई थी और उसने अपनी हत्या का विरोध किया था.
खालिद ने स्वीकार की बेटी की ऑनर किलिंग की बात
पिता खालिद ने कथित तौर पर टेलीग्राफ को अरबी में भेजे दो ईमेल में अपनी बेटी की हत्या की बात स्वीकार कर ली थी. माना जा रहा है कि इस जुर्म के बाद वह सीरिया भाग गया. सीरियाई रिफ्यूजी 52 वर्षीय खालिद नौ बच्चों के पिता है उसने अल-नज्जर ने डी टेलीग्राफ को भेजे एक ईमेल में लिखा कि उसने अपनी 18 साल की बेटी रयान अल-नज्जर को मार डाला है, और पब्लिकेशन से यह रिपोर्ट करने के लिए कहा कि ‘मैंने ही मारा है.’ वहीं उसके एक पड़ोसी ने नाम न बताने की रिक्वेस्ट करते हुए टेलीग्राफ को बताया कि रायन का एक डच बॉयफ्रेंड था वह हेडस्कार्फ़ पहनना बंद करना चाहती थी और उसके पिता ने उसे पीटा था. घरवाले उसके वेस्टर्न लाइफस्टाइल अपनाने से सहमत नहीं थे.
5 जनवरी को कोर्ट कर सकती है सजा का ऐलान
कोर्ट में प्रॉसिक्यूटर ने बताया कि खालिद ही मुख्य आरोपी है लेकिन वो बिना बेटों की मदद लिए रयान का कत्ल और फिर उसके शव को अकेले ठिकाने नहीं लगा सकता था. ऐसे में खालिद के दोनों बेटों को कत्ल में सहयोग देने के लिए 20-20 साल तक की सजा हो सकती है जबकि मुख्य आरोपी पिता खालिद पर कत्ल के बाद कोर्ट से गैर हाजिर रहने और सबूतों के छिपाने के लिए उसे 25 साल की सजा हो सकती है. बचाव पक्ष के वकील सोमवार (1 दिसंबर) को अपनी दलीलें पेश करेंगे. कोर्ट के 5 जनवरी 2026 को अपना फैसला सुनाने की उम्मीद है.