सोशल मीडिया पर हर दिन कुछ न कुछ ऐसा वायरल होता है, जो हमें हंसाता भी है और सोचने पर भी मजबूर कर देता है. लेकिन कई बार वायरल वीडियो ऐसे होते हैं, जिन्हें देखकर दिल दहल जाता है. आज जो वीडियो चर्चा में है, वह न तो मनोरंजन है और न ही मजाक. यह वीडियो है इंसानियत पर भारी पड़ती सामाजिक परंपराओं का. ओडिशा के एक गांव से सामने आई यह घटना सवाल खड़े करती है क्या आज भी प्यार करना गुनाह है? क्या शादी का फैसला लेने पर इंसान को जानवरों जैसा सलूक झेलना पड़ेगा? आइए जानते हैं इस वायरल वीडियो में…
गांव से भागकर की थी शादी
ओडिशा के रायगढ़ जिले के कांजामजोड़ी गांव में रहने वाले लाका सारका (28) और कोदिया सारका (31) एक-दूसरे से प्यार करते थे. दोनों रिश्ते में बुआ के बेटे-बहू लगते हैं और एक ही गोत्र के होने के कारण आदिवासी समाज की परंपराओं में उनका विवाह वर्जित माना जाता है. इसी डर से दोनों ने गांव छोड़कर बाहर जाकर शादी कर ली. कुछ दिन बाद जब वे गांव लौटे, तो उनका सामना प्यार नहीं बल्कि गुस्से और नफरत से हुआ. गांववालों को उनका यह फैसला मंजूर नहीं था.
गांव लौटने के बाद मामला पंचायत तक पहुंचा. पंचायत में बुजुर्गों ने दोनों को परंपरा तोड़ने का दोषी ठहराया और अमानवीय सजा सुना दी. ग्रामीणों ने बांस से बना हल तैयार किया और लाका व कोदिया को बैलों की तरह उसमें जोत दिया. वायरल वीडियो में साफ दिख रहा है कि दोनों के कंधों पर हल का जुआ रखा गया है और उनसे खेत में जबरन जुताई कराई जा रही है. इस दौरान उनके साथ मारपीट भी की गई. आसपास खड़े गांव के लोग इस क्रूर सजा को चुपचाप देखते रहे.
‘पवित्र’ करने की रस्म और गांव से निकाला
हल चलवाने के बाद दोनों को गांव के मंदिर ले जाया गया, जहां उनके रिश्ते को ‘अपवित्र’ बताया गया. कथित तौर पर उन्हें ‘पवित्र’ करने की रस्में कराई गईं और अलग होने का दबाव बनाया गया. जब दोनों ने साथ रहने का फैसला दोहराया, तो फिर से उनकी पिटाई की गई और अंत में गांव से हमेशा के लिए निकाल दिया गया. वीडियो वायरल होने के बाद मानवाधिकार संगठनों ने कड़ा विरोध जताया और पुलिस से शिकायत की. ओडिशा पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है.