भ्रष्ट पुलिसकर्मी थे IPS वाई पूरन…जानिए खुदकुशी से पहले ASI संदीप लाठर ने VIDEO में क्या कहा?

Haryana Police Suicide Case: दिवंगत आईपीएस अधिकारी वाई पूरन कुमार के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच कर रहे हरियाणा पुलिस के एक एएसआई ने आज रोहतक में आत्महत्या कर ली. उन्होंने खुदखुशी से पहले आईपीएस अधिकारी वाई पूरन कुमार पर गंभीर आरोप लगाए. साइबर सेल में तैनात एएसआई संदीप लाठर की खुदखुशी पर रोहतक के एसपी सुरेंद्र सिंह भोरिया ने कहा कि यह हमारे पुलिस विभाग का एक मेहनती एएसआई था. वह बहुत ईमानदार और मेहनती था. उसका शव मिल गया है. एक फोरेंसिक टीम को यहां बुलाया गया है और जांच की जा रही है.

एएसआई ने IPS वाई पूरन कुमार को बताया भ्रष्ट
रोहतक साइबर सेल में तैनात सहायक एएसआई संदीप लाठर ने चार पन्नों का एक सुसाइड नोट और एक वीडियो संदेश छोड़ा है, जिसमें उन्होंने पूरन कुमार पर गंभीर आरोप लगाए. अपने सुसाइड नोट में एएसआई ने कुमार को एक भ्रष्ट अधिकारी बताया और उनके खिलाफ पर्याप्त सबूत होने का दावा किया. उन्होंने आरोप लगाया कि कुमार ने गिरफ्तारी के डर से आत्महत्या कर ली और उन पर जातिवाद का फायदा उठाकर व्यवस्था को हाईजैक करने का आरोप लगाया. एएसआई संदीप कुमार ने अपने नोट में लिखा कि मैं अपनी जान देकर जांच की मांग कर रहा हूं. इस भ्रष्ट परिवार को बख्शा नहीं जाना चाहिए.

जानें क्या है पूरा मामला
बता दें, आईपीएस वाई पूरन कुमार 7 अक्टूबर को चंडीगढ़ में अपने आवास पर मृत पाए गए थे. कुमार द्वारा लिखे गए आठ पन्नों के एक विस्तृत अंतिम नोट में उन्होंने कपूर और बिजारनिया सहित आठ वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों के खिलाफ गंभीर आरोप लगाए थे, जिसमें गंभीर जाति-आधारित पूर्वाग्रह, जानबूझकर मनोवैज्ञानिक उत्पीड़न, सार्वजनिक रूप से शर्मसार करने और प्रणालीगत दुर्व्यवहार का आरोप लगाया गया था. चल रही जांच के सिलसिले में चंडीगढ़ पुलिस ने मृतक की पत्नी आईएएस अधिकारी अमनीत पी कुमार को एक नोटिस जारी कर अनुरोध किया है कि वह अपने पति का लैपटॉप विशेष जांच दल (SIT) को सौंप दें.

पुलिस का मानना ​​है कि उनका लैपटॉप उनकी मौत से जुड़ी परिस्थितियों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी दे सकता है. बता दें, इसी लैपटॉप का इस्तेमाल कुमार द्वारा लिखे गए सुसाइड नोट को टाइप करने के लिए किया गया था. सुसाइड नोट इसी लैपटॉप के ड्राफ्ट में सेव किया गया था जिसे कुमार की पत्नी ने अभी तक एसआईटी को नहीं सौंपा है. चंडीगढ़ पुलिस आईपीएस पूरन कुमार के लैपटॉप का उपयोग यह पता लगाने के लिए करना चाहती है कि आत्महत्या करने से पहले उन्होंने कितने लोगों को सुसाइड नोट ईमेल किया था, उन्हें सुसाइड नोट किस समय ईमेल किया गया था और ईमेल प्राप्त करने के कितने समय बाद उन व्यक्तियों ने इसे खोला या देखा था.