मां ने नींद की गोलियां खिलाकर प्रेमी को सौंपा था बेटा! गुरप्रीत ने पहले भी की थी कोशिश

मेरठ। मेरठ में मासूम अंगदवीर की अपहरण के बाद हत्या करने के मामले में एक और नया खुलासा किया है। आरोपी मां गुरप्रीत ने पहले भी बेटे की हत्या की कोशिश की थी। अंगदवीर को नींद की गोलियां दे दी थीं। पुलिस की जांच जारी है।

मेरठ के बहसूमा में मासूम अंगदवीर की अपहरण के बाद हत्या करने के मामले में जांच के दौरान रोजाना नए-नए खुलासे हो रहे हैं। जून की शुरुआत में मां गुरप्रीत अपने बेटे अंगदवीर को लेकर पति गुरसेवक की बुआ के घर पटियाला गई थी।

यहां से दस जून को वापस रामराज गांव लौटते समय मुजफ्फरनगर में उसने अंगदवीर को नींद की गोलियां देकर हत्या की कोशिश की थी। वह घर लौटते समय पांच घंटे लेट हो गई थी। अंगदवीर की दादी और पिता गुरसेवक का कहना है कि पूछने पर गुरप्रीत ने बताया था कि अंगदवीर की तबीयत खराब हो गई है।

जांच में यह भी सामने आया है कि बेटे अंगदवीर को प्रेमी अर्पित के साथ भेजने से पहले भी मां गुरप्रीत कौर ने नींद की गोलियां खिलाई थीं। हालांकि एसपी देहात का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में इसकी पुष्टि नहीं हुई थी।

बेटा कहता था पापा तुम भी नहीं हो मां भी चली गई

गुरसेवक का कहना है कि करीब 10 महीने पहले पत्नी गुरप्रीत कौर मौसी के पास सिंगापुर गई थी। छह माह वह सिंगापुर रही थी। इस दौरान जब भी फोन पर बात होती थी तो अंगदवीर कहता था पापा तुम विदेश चले गए मां भी सिंगापुर चली गई। मां गुरप्रीत भी कहती थी कि उसे वहां बहुत काम करना पड़ता है।

चार महीने पहले उसने ही गुरप्रीत को यह सोचकर वापस बुलाया था कि वह अंगदवीर का ख्याल रखेगी लेकिन उसे नहीं पता था कि वह उसके कलेजे के टुकड़े को मरवा देगी। पुलिस के गिरफ्तार करने के बाद गुरसेवक और उनकी मां बलजिंदर कौर ने गुरप्रीत कौर से पूछा कि हमारी तरफ से क्या कमी रह गई थी। गुरप्रीत कौर ने कहा मैंने उसे नहीं मारा, अर्पित पाराशर ने मारा है। उन्होंने कहा झूठ मत बोल… तो वह चुप हो गई।

शुक्रवार रात ग्रामीणों ने कैंडल मार्च निकालकर अंगदवीर को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने आरोपियों को फांसी दिलाने की मांग की। ग्रामीण हाथों में मोमबत्तियां और स्लोगन लेकर निकले। इनमें लिखा था कि अंगदवीर की हत्या ने पूरे गांव को झकझोर दिया है। लोगों ने जस्टिस फोर अंगदवीर के नारे लगाए। लोगों ने कहा कि फास्ट ट्रैक कोर्ट में मुकदमा चलाकर गुरप्रीत और अर्पित पाराशर को फांसी की सजा दिलाई जानी चाहिए।

यह था पूरा मामला
प्रेम संबंध का राज खुलने के डर से बैंक के एरिया मैनेजर ने प्रेमिका के छह साल के बेटे की हत्या की
मेरठ के बहसूमा से सनसनीखेज मामला सामने आया है। एचडीएफसी बैंक के एरिया मैनेजर अर्पित पाराशर ने प्रेम संबंध का राज खुलने के डर से प्रेमिका गुरप्रीत कौर के छह साल के बेटे अंगदवीर को अगवा करके चाकू से गला रेत कर हत्या कर दी। इसके बाद शव को झाड़ियों में फेंक दिया।

आरोपी ने मासूम को बहसूमा थाना इलाके के रामराज स्थित उसके घर के बाहर से मंगलवार को अगवा करके कार में ले गया था। पुलिस ने बुधवार को मीरापुर निवासी आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस प्रेमिका से पूछताछ कर वारदात में उसकी संलिप्तता की जांच कर रही है। अर्पित की शादी छह माह पहले हुई है।

अंगदवीर ने दोनों को देख लिया था
सीसीटीवी फुटेज में वह बच्चे को कार में ले जाता दिखाई दिया था। पूछताछ में पुलिस को बताया कि रविवार को वह गुरप्रीत से मिलने उसके घर गया था। इस बीच अंगदवीर ने दोनों को साथ देख लिया था। उसे डर था कि बच्चा उनका राज खोल देगा। इसी के चलते उसकी हत्या कर दी।

पहले बताया अंदग को नहर में फेंक दिया
पुलिस ने मंगलवार की देर रात आरोपी अर्पित को मीरापुर के भूमा रोड से हिरासत में ले लिया था। पूछताछ में वह करीब आठ घंटे तक पुलिस को गुमराह करता रहा। बताता रहा कि उसने अपहरण के बाद अंगदवीर को परीक्षितगढ़ थाना क्षेत्र के पुट्ठी गांव के सामने नहर में फेंक दिया है।