हमीरपुर के मौदहा क्षेत्र में सड़क किनारे चार दिन पूर्व निर्वस्त्र हालत में मिले महिला के शव के मामले का पुलिस ने रविवार को खुलासा कर दिया। महिला के मुकदमे की पैरवी कर रहा दरोगा अंकित कुमार यादव ही उसका हत्यारा निकला।
पूछताछ में उसने लोहे की रॉड से हमलाकर हत्या करने की बात स्वीकार की है। पुलिस ने आरोपी दरोगा को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। रमना गांव के चौकीदार की तहरीर पर पुलिस ने एससीएसटी एक्ट समेत विभिन्न धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की है।
दूसरी ओर, पुलिस अधीक्षक महोबा प्रबल प्रताप सिंह ने अंकित को निलंबित कर उसके खिलाफ विभागीय जांच के आदेश दिए हैं। अमर उजाला ने दो दिन पूर्व ही वारदात में दरोगा के शामिल होने का खुलासा कर दिया था।
13 नवंबर की सुबह 8:30 बजे मौदहा-राठ मार्ग में रमना किशनपुर गांव के पास खेतों में एक महिला का निर्वस्त्र शव पुलिस को मिला था। शव को कुत्तों ने नोचकर क्षत-विक्षत कर दिया था। शिनाख्त कराने के लिए पुलिस ने चार टीमें गठित कर जांच शुरू कर दी थी।
महिला से नजदीकियां बढ़ने और बाद में विवाद
महिला की शिनाख्त होने पर जांच में पता चला कि महोबा का एक दरोगा महिला के एक मुकदमे की विवेचना कर रहा था। इसके बाद पुलिस दरोगा तक पहुंच गई। हत्या के पीछे विवेचना के दौरान पहले महिला से नजदीकियां बढ़ने और बाद में विवाद होना बताया गया।
12 नवंबर को दोनों साथ में घूमने निकले थे। इसी दौरान वाद-विवाद के बाद गुस्से में आकर आरोपी दरोगा ने कार में रखी लोहे रॉड से हमलाकर महिला की हत्या कर दी और देर रात शव सड़क किनारे झाड़ियों में फेंककर भाग गया था।
मौदहा कोतवाली क्षेत्र में सड़क किनारे 13 नवंबर की सुबह एक महिला का शव मिलने की सूचना मिली थी। मुकदमा दर्जकर घटना के खुलासे के लिए चार टीमें लगाई गई थीं। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपी दरोगा अंकित यादव को गिरफ्तार किया गया है। घटना में प्रयुक्त कार और आलाकत्ल भी बरामद कर लिया गया है। पूछताछ में हत्यारोपी ने स्वीकार किया कि गुस्से में आकर लोहे की रॉड से हमला कर महिला की हत्या कर दी है।
महोबा सीओ के कार्यालय में था तैनात
दरोगा अंकित वर्तमान में सीओ महोबा कार्यालय में तैनात था। वह मूलरूप से रायबरेली के थाना लालगंज के महमदमऊ का निवासी है। उसकी 17 मार्च 2024 को पुलिस लाइन में पहली तैनाती हुई थी। इसके बाद वह महोबकंठ और कबरई थाने में तैनात रहा। महोबा एसपी ने बताया कि मामले की विभागीय जांच कराई जा रही है। नियमानुसार अग्रिम विधिक कार्रवाई की जाएगी।
यह था पूरा मामला
महोबा का एक दरोगा महिला के एक मुकदमे की विवेचना कर रहा था। हत्या के पीछे विवेचना के दौरान पहले महिला से नजदीकियां बढ़ने और बाद में विवाद होना बताया गया। दरअसल, मृतक महिला किरन की शादी सीआरपीएफ जवान से हुई थी। कुछ वर्षों बाद दंपती के बीच विवाद हुआ और दोनों के संबंध खराब हो गए। मामला इतना बढ़ गया कि महिला ने कबरई थाने में दहेज उत्पीड़न और घरेलू हिंसा का मामला दर्ज करा दिया। इसी मुकदमे की विवेचना कबरई थाने में तैनात एसआई अंकित यादव कर रहा था।