मुजफ्फरपुर। करीब साढ़े चार वर्ष पूर्व कुढ़नी थाना के गरहुआ चौक इलाके से लोडेड कट्टा व 1.920 मिलीग्राम स्मैक जब्ती मामले में केस के सूचक व IO (जांच अधिकारी) समेत एक भी गवाहों ने गवाही नहीं दी है। मामले में विशेष कोर्ट एनडीपीएस एक्ट संख्या-दो के न्यायाधीश ने नरेंद्र पाल सिंह ने डीएसपी, केस के सूचक व IO समेत छह पुलिसकर्मियों के विरुद्ध गैर जमानतीय वारंट जारी किया है।
इसमें केस के सूचक तत्कालीन कुढ़नी थानाध्यक्ष अरविंद पासवान, एएसआइ प्रकाश कुमार, गृहरक्षक कुमोद कुमार व दिनेश चौधरी, पुलिस उपाधीक्षक (रक्षित) पुलिस केंद्र विपिन नारायण शर्मा व केस के आईओ एसआइ विवेकानंद सिंह शामिल हैं।
IO ने इस केस के आरोपित कुढ़नी थाना के जगन्नाथपुर निवासी रोशन कुमार के विरुद्ध 10 नवंबर 2021 को आरोप पत्र दाखिल किया था। IO ने अन्य बिंदुओ पर पूरक जांच जारी रखा। इस मामले में समय-समय पर सुनवाई हो रही है। मामले में सुनवाई 9 मार्च को होगी।
गवाही देने नहीं आए
10 सितंबर 2021 को कुढ़नी थाने की पुलिस ने गरहुआ चौक के झिटकी रोड के ईट भट्ठा के पास छापेमारी कर जेल से बाहर आए रोशन कुमार को लोडेड कट्टा व स्मैक के साथ गिरफ्तार किया था। उसके विरूद्ध पुलिस ने आर्म्स एक्ट व एनडीपीएस एक्ट में मामला दर्ज कर पूछताछ के बाद जेल भेजा था। वहीं, सदर थाना के खबरा भेल कॉलोनी के एक किराए के मकान में रहकर एटीएम फ्रॉड करने वाले छह बदमाशों के पास से साढ़े 5वर्ष पूर्व एक किलो चरस जब्ती के मामले में भी केस के सूचक व आई समेत छह पुलिसकर्मी गवाही देने नहीं आए।
इस मामले में भी विशेष कोर्ट एनडीपीएस एक्ट संख्या-दो के न्यायाधीश नरेंद्र पाल सिंह ने छह पुलिसकर्मियों के विरुद्ध गैर जमानतीय वारंट जारी किया है। इसमें केस के सूचक रघुवीर सिंह, सिपाही छोटेलाल सिंह व संजीव कुमार, गृहरक्षक अरविंद कुमार व धनिक कुमार राणा व केस के आईओ राजेश कुमार यादव शामिल हैं।
9 मार्च को होगी अगली सुनवाई
इस केस में 28 सितंबर 2020 को मीनापुर के रेपुरा निवासी गुड्डू कुमार, पारू थाना के जगन्नाथपुर नगवा के अभिषेक कुमार, कुढ़नी थाना के मोहनपुर के अभिषेक कुमार, सरैया राजारामपुर के रौशन कुमार, वैशाली जिले के मौजा पकड़ी बेलसर के विक्की कुमार व सरैया के छितरी निवासी सौरभ कुमार पर आरोप पत्र दाखिल किया था।
मामले में नौ मार्च को सुनवाई होगी। विदित हो कि तीन अगस्त 2020 को सदर थाने की पुलिस ने खबरा भेल कालोनी के पीछे एक मकान में छापेमारी की। इस दौरान पुलिस ने उपरोक्त छह आरोपितों को गिरफ्तार किया था। सभी ने स्वीकार किया कि वी एटीएम फ्राड गिरोह के सदस्य है।