Bihar Election 2025: बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण की वोटिंग से ठीक पहले सियासी सरगर्मी चरम पर है. मंगलवार (4 नवंबर) को जहां एक ओर तेजस्वी यादव ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अपनी भावी योजनाओं का ऐलान किया, वहीं दूसरी ओर बड़े भाई तेज प्रताप यादव ने अपने बयान से माहौल को और दिलचस्प बना दिया.
‘करने दीजिए… अभी बच्चा है वो…’
पत्रकारों ने जब तेज प्रताप से पूछा कि तेजस्वी यादव आपके खिलाफ प्रचार कर रहे हैं, तो उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा- “करने दीजिए… अभी बच्चा है वो, चुनाव के बाद उसे झुनझुना पकड़ाएंगे.” उनके इस बयान ने न सिर्फ राजनीतिक हलकों में हलचल मचा दी, बल्कि दोनों भाइयों के बीच चल रही अंदरूनी खींचतान की चर्चा को भी हवा दे दी.
तेज प्रताप ने अपने चुनाव क्षेत्र महुआ में सोमवार को कहा था कि वे राघोपुर भी जाएंगे और वहां अपने प्रत्याशी के समर्थन में प्रचार करेंगे. इस पर उन्होंने आज फिर कहा, “तेजस्वी मेरे क्षेत्र में प्रचार करने आए थे, मैंने भी उनके क्षेत्र में जाकर प्रचार किया. अब फिर जाऊंगा राघोपुर. जीत को लेकर मुझे पूरा भरोसा है.
लालू परिवार पर शाह के बयान का जवाब
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा हाल ही में दिए गए उस बयान पर, जिसमें उन्होंने लालू परिवार को “एक कंपनी” बताया था, तेज प्रताप ने संयमित प्रतिक्रिया दी. उन्होंने कहा, “कोई भी कुछ भी बोल सकता है, लेकिन वाणी को हमेशा संयम में रखना चाहिए.” तेज प्रताप ने कहा कि वे चुनाव को मुद्दों पर लड़ रहे हैं और जनता का समर्थन उनके साथ है. उन्होंने दावा किया कि “महुआ से इस बार हम रिकॉर्ड मतों से जीत दर्ज करेंगे.”
भाई-भाई के बीच सियासी प्रतिस्पर्धा
लालू प्रसाद यादव के दोनों बेटों- तेजस्वी और तेज प्रताप के बीच मतभेद किसी से छिपे नहीं हैं. तेज प्रताप पहले ही कह चुके हैं कि “हरा झंडा वाली राजद फर्जी है” और उन्होंने अपनी अलग पार्टी जनशक्ति जनता दल (जेजेडी) बनाकर चुनावी मैदान में उतरने का ऐलान किया है.
माहौल गरम, बयानबाजी तेज
पहले चरण के प्रचार के आखिरी दिन बिहार की राजनीति एक बार फिर यादव परिवार की अंदरूनी राजनीति से गरमा गई. जहां तेजस्वी महिलाओं के लिए माई बहिन योजना जैसी योजनाओं से वोटरों को साधने की कोशिश में हैं, वहीं तेज प्रताप अपनी अलग राजनीतिक पहचान बनाने में जुटे हैं.