पटना: बिहार में इन दिनों भीषण गर्मी पड़ रही है। लोगों के दिन 12 बजे के बाद घरों से निकलना मुश्किल हो रहा है। इस बीच मौसम विभाग ने लोगों को राहत भरी खबर दी है। मौसम विभाग ने राज्य के मौसम में बड़े बदलाव का पूर्वानुमान जारी किया है। आईएमडी ने बिहार के 36 जिलों में आंधी और बारिश को लेकर चेतावनी जारी की गई है, जिससे अगले दो-तीन दिनों में तापमान में 5 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट आने की संभावना है।
14 जिलों में ऑरेंज और 24 में यलो अलर्ट जारी
पटना स्थित मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, बिहार के अधिकांश हिस्सों में मंगलवार की रात से 30 अप्रैल तक आंधी-पानी की स्थिति बनी रहेगी। विभाग ने 14 जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट और 24 जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया है। इस दौरान राज्य में 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और वज्रपात (बिजली गिरने) की आशंका है। राजधानी पटना समेत दक्षिण बिहार के इलाकों में बादल छाए रहेंगे, जिससे उमस भरी गर्मी से थोड़ी राहत मिलेगी।
कैमूर रहा सबसे गर्म, पटना में गिरा पारा
पिछले 24 घंटों के आंकड़ों पर नजर डालें तो कैमूर (भभुआ) 41.4 डिग्री सेल्सियस के साथ राज्य का सबसे गर्म जिला रहा, जबकि डेहरी में पारा 41.0 डिग्री दर्ज किया गया। वहीं, पटना में मौसम का मिजाज बदलने से अधिकतम तापमान 33.0 डिग्री सेल्सियस पर आ गया है, जो दो दिन पहले तक 40 डिग्री के पार था। सीमावर्ती इलाकों में हुई छिटपुट बारिश ने तपिश को कम किया है।
आंधी-बारिश और बिजली गिरने से अब तक 5 की मौत
बीते दिनों राज्य के अलग-अलग हिस्सों में आंधी-बारिश और बिजली गिरने (ठनका) की वजह से अब तक 5 लोगों की जान जा चुकी है। इससे पहले भीषण लू के कारण भी एक महिला की मौत की खबर आई थी। मौसम विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी है।
1 मई से फिर लौटेगी भीषण गर्मी और लू
राहत का यह सिलसिला ज्यादा लंबा नहीं चलेगा। मौसम विभाग का अनुमान है कि 1 मई से बिहार के तापमान में फिर से बढ़ोतरी शुरू हो जाएगी। विशेषकर दक्षिण बिहार के जिलों में एक बार फिर लू जैसे हालात बन सकते हैं। अगले 48 घंटों तक किशनगंज, अररिया, पूर्णिया और सुपौल जैसे उत्तर बिहार के जिलों में विशेष सावधानी बरतने को कहा गया है।