Chhattisgarh News: छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज अपनी पहली विदेश यात्रा से स्वदेश लौटे हैं. यह यात्रा जापान के ओसाका में आयोजित वर्ल्ड एक्सपो 2025 में भाग लेने के लिए थी. इस यात्रा को उन्होंने बेहद सफल बताया. वर्ल्ड एक्सपो, जो 22 तारीख से शुरू हुआ था, एक वैश्विक मंच है जहां विभिन्न देश अपनी संस्कृति, तकनीक और विकास की उपलब्धियों को प्रदर्शित करते हैं. इस बार छत्तीसगढ़ ने भी इस आयोजन में अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज की.
छत्तीसगढ़ का पवेलियन इस एक्सपो में आकर्षण का केंद्र रहा. मुख्यमंत्री ने बताया कि हर दिन लगभग 30 हजार लोग उनके पवेलियन में आए. यहां छत्तीसगढ़ की समृद्ध संस्कृति, प्राकृतिक संसाधनों, और निवेश की संभावनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई. पवेलियन में प्रदर्शित छत्तीसगढ़ की कला, हस्तशिल्प, और औद्योगिक प्रगति को दर्शकों ने खूब सराहा. यह पवेलियन न केवल राज्य की पहचान को वैश्विक मंच पर ले गया, बल्कि लोगों को छत्तीसगढ़ के पर्यटन और निवेश की संभावनाओं से भी परिचित कराया.
मुख्यमंत्री साय ने बताया कि इस यात्रा के दौरान छत्तीसगढ़ को कई क्षेत्रों में निवेश के प्रस्ताव मिले. इनमें सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी), खाद्य प्रसंस्करण (फूड प्रोसेसिंग), और अन्य चार महत्वपूर्ण क्षेत्र शामिल हैं. ये निवेश प्रस्ताव राज्य के आर्थिक विकास को गति देंगे. साथ ही, इनसे स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे. छत्तीसगढ़, जो पहले से ही अपने खनिज संसाधनों और प्राकृतिक सुंदरता के लिए जाना जाता है, अब इन निवेशों के जरिए औद्योगिक और तकनीकी क्षेत्र में भी अपनी पहचान मजबूत करेगा.
इसके अलावा, मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जापान दौरे का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि पीएम मोदी की यह यात्रा देश के लिए बहुत फायदेमंद साबित होगी. अगले दस वर्षों में देश में 6 लाख करोड़ रुपये का निवेश होने की संभावना है. इस निवेश का लाभ न केवल देश को, बल्कि छत्तीसगढ़ जैसे राज्यों को भी मिलेगा. यह निवेश छत्तीसगढ़ के बुनियादी ढांचे, उद्योगों, और रोजगार सृजन को बढ़ावा देगा.
इस यात्रा ने छत्तीसगढ़ को वैश्विक मंच पर चमकाने का काम किया है. मुख्यमंत्री साय की यह पहल न केवल राज्य के विकास को नई दिशा देगी, बल्कि छत्तीसगढ़ को निवेश और पर्यटन के लिए एक आकर्षक गंतव्य के रूप में भी स्थापित करेगी.