चंडीगढ़: हरियाणा पुलिस के एक और एएसआई ने रेवाड़ी में फांसी का फंदा लगाकर सुसाइड कर लिया है। इस बार मामला गृह क्लेश से जुड़ा हुआ है। मृतक की पहचान 40 साल के कृष्ण यादव के रूप में हुई है, जो जैनाबाद गांव के रहने वाले थे। पुलिस और फोरेंसिक टीम की जांच में मौके से एक सुसाइड नोट भी मिला है। सुसाइड नोट में मृतक कृष्ण यादव ने अपनी मौत का जिम्मेदार पत्नी और ससुराल वालों को ठहराया है। कृष्ण की पत्नी दिल्ली में पीजीटी टीचर है।
पिछले दस दिन में हरियाणा पुलिस के तीसरे कर्मचारी ने सुसाइड किया है। आईपीएस वाई पूरन कुमार ने 7 अक्टूबर को चंडीगढ़ के सेक्टर-11 स्थित अपने आवास पर खुद को गोली मारकर सुसाइड कर लिया था। इसके बाद रोहतक में साइबर सेल में कार्यरत एएसआई संदीप लाठर ने 14 अक्टूबर को मामा के खेत में बने कमरे में खुद को गोली मारकर सुसाइड कर लिया था। अब एएसआई कृष्ण यादव ने जान दी है।
साल 2004 में बतौर सिपाही पद पर भर्ती हुए थे
कृष्ण अपने पैतृक गांव आए हुए थे। यहां आज उन्होंने घर में में फंदा लगा कर जान दे दी। शव के फंदे पर लटके होने की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। मौके पर सभी आवश्यक कार्रवाई करने के बाद शव को फंदे से उतार कर सिविल अस्पताल भिजवाया गया। पुलिस मामले की आगामी कार्रवाई में जुटी हुई है।
मृतक दो बच्चों का पिता था।
कृष्ण साल 2004 में बतौर सिपाही पद पर भर्ती हुए थे। नारनौल में उन्हें पहली पोस्टिंग मिली थी। पुलिस ने कृष्ण के शव को पोस्टमॉर्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया गया।
पत्नी पर बार-बार पुलिस को शिकायत देकर परेशान करने के आरोप
डहीना चौकी प्रभारी रजनीश कुमार ने बताया कि कृष्ण यादव ने आत्महत्या से पहले एक सुसाइड नोट छोड़ा है। जिसमें उन्होंने अपनी पत्नी पर प्रताड़ना का आरोप लगाया। सुसाइड नोट के आधार पर व पिता नरदेव की शिकायत पर पत्नी सहित 4 के खिलाफ केस दर्ज किया है। सुसाइड नोट में पत्नी पर बार-बार पुलिस को शिकायत देकर परेशान करने के आरोप लगाए हैं। एफआईआर में ससुर व साले को भी नामजद किया गया है। पुलिस जांच कर रही है और अभी किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।