होटल रूम में बुलाया… करियर बर्बाद करने की धमकी दी, नाबालिग से रेप में नेशनल शूटिंग कोच पर FIR

National shooting coach FIR: हरियाणा पुलिस ने नाबालिग से कथित रेप के मामले में एक राष्ट्रीय स्तर के शूटिंग कोच के खिलाफ FIR दर्ज की है। कोच पर आरोप है कि उसने नाबालिग शूटिंग खिलाड़ी को जबरन होटल के रूम में बुलाया और उसकी बात न मानने पर करियर बर्बाद करने की धमकी दी। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। FIR के अनुसार, यह घटना पिछले साल 16 दिसंबर की है।

जबरन कमरे में भेजा गया
HT की रिपोर्ट में पुलिस के हवाले से बताया गया है कि घटना के समय पीड़ित एथलीट नाबालिग थी। यह घटना कथित तौर पर 16 दिसंबर को हुई जब पीड़िता ने नई दिल्ली में डॉ. करणी सिंह शूटिंग अकादमी में नेशनल लेवल की शूटिंग प्रतियोगिता में हिस्सा लिया था। आरोपी नेशनल राइफल एसोसिएशन ऑफ इंडिया (NRAI) द्वारा नियुक्त 13 नेशनल पिस्टल कोच में से एक है। पीड़ित परिवार की तरफ से दी गई शिकायत में कहा गया है कि एथलीट को जबरन कोच के कमरे में भेजा गया, जहां उसके साथ रेप हुआ।

परिवार को नुकसान की धमकी
पुलिस के अनुसार, पीड़ित परिवार ने आरोप लगाया है कि एथलीट पर कोच के कमरे में जाने का दबाव डाला गया, उससे कहा गया कि कोच बातचीत करना चाहते हैं। जब पीड़िता कमरे में पहुंची तो कोच ने कथित तौर पर एथलीट का यौन उत्पीड़न किया। पीड़िता ने विरोध करने की कोशिश की लेकिन कोच नहीं रुका। FIR में आगे आरोप लगाया गया है कि कोच ने धमकी दी कि अगर घटना के बारे में किसी को बताया तो वह उसका करियर बर्बाद कर देगा और उसके परिवार को नुकसान पहुंचाएगा।

CCTV खंगाल रही पुलिस
इस घटना के बाद एथलीट सदमे में होटल से चली गई और बाद में उसने अपने परिवार को पूरी बात बताई, जिसके बाद पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई। फरीदाबाद पुलिस के पब्लिक रिलेशन ऑफिसर यशपाल यादव ने कहा कि मामले की गंभीरता को देखते हुए, हमने होटल प्रशासन से घटना वाले दिन के सभी CCTV फुटेज तुरंत शेयर करने को कहा है, ताकि नाबालिग लड़की के आरोपों की पुष्टि की जा सके। हालांकि, अब तक आरोपी को न तो हिरासत में लिया गया है और न ही कोई नोटिस जारी किया गया है। कहा तो यह भी जा रहा है कि संबंधित स्पोर्ट्स फेडरेशन को भी अभी तक सूचित नहीं किया गया है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने प्रोटेक्शन ऑफ चिल्ड्रन फ्रॉम सेक्सुअल ऑफेंस (POCSO) एक्ट की धारा 6 और भारतीय न्याय संहिता की धारा 351(2) के तहत मामला दर्ज किया है, क्योंकि कथित अपराध के समय एथलीट नाबालिग थी।