Haryana News: हरियाणा में पुलिस कांस्टेबल बनने का सपना देख रहे युवाओं के लिए एक अहम खबर है. हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग ने कांस्टेबल भर्ती के लिए फिजिकल मेजरमेंट टेस्ट का पूरा शेड्यूल जारी कर दिया है. यह प्रक्रिया आगामी 15 अप्रैल से पंचकूला के ताऊ देवीलाल स्टेडियम में शुरू होने जा रही है.
धोखाधड़ी रोकने के लिए होंगे पुख्ता इंतजाम
शुरुआती एक हफ्ते तक रोजाना करीब एक हजार उम्मीदवारों को शारीरिक माप के लिए बुलाया जाएगा, जिसके बाद यह क्षमता बढ़ाकर तीन हजार अभ्यर्थी प्रतिदिन कर दी जाएगी. उम्मीदवारों के लिए टेस्ट का समय सुबह 6:30 बजे से दोपहर 1:30 बजे तक निर्धारित किया गया है. इस भर्ती प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता बनाए रखने और किसी भी तरह की धोखाधड़ी को रोकने के लिए आयोग ने पुख्ता इंतजाम किए हैं. युवाओं की लंबाई और छाती मापने के लिए जर्मनी से करीब 25 विशेष सेंसर युक्त मशीनें मंगवाई गई हैं. इन मशीनों की सबसे बड़ी खासियत यह है कि अगर कोई उम्मीदवार लंबाई बढ़ाने के लिए अपनी एड़ी उठाता है, तो स्क्रीन पर रीडिंग तुरंत जीरो हो जाएगी, जिससे चालाकी की कोई गुंजाइश नहीं बचेगी.
जुलाई के बाद हो सकती है लिखित परीक्षा
चयन प्रक्रिया के अगले चरणों की बात करें तो, जो युवा पीएमटी में सफल होंगे, उन्हें अगले राउंड यानी फिजिकल स्क्रीनिंग टेस्ट के लिए बुलाया जाएगा. इसमें पास होने वाले उम्मीदवारों को ही अंततः लिखित परीक्षा में बैठने का मौका मिलेगा. आयोग की योजना है कि लिखित परीक्षा से पहले की यह पूरी शारीरिक जांच प्रक्रिया 85 दिनों के भीतर पूरी कर ली जाए. ऐसे में अनुमान है कि जुलाई के बाद लिखित परीक्षा का दौर शुरू हो सकता है. गौरतलब है कि 31 जनवरी 2026 तक चली आवेदन प्रक्रिया के तहत इस भर्ती के लिए करीब 2.70 लाख युवाओं ने सफलतापूर्वक आवेदन किया है.
उम्मीदवारों की सुविधा के लिए की गई हैं खास व्यवस्थाएं
पंचकूला पहुंचने वाले हजारों युवाओं की सहूलियत के लिए प्रशासन ने कई विशेष व्यवस्थाएं की हैं. परिवहन को आसान बनाने के लिए रोडवेज बसें ‘पिक एंड ड्रॉप’ की सुविधा देंगी. इसके लिए चंडीगढ़ और पंचकूला डिपो से विशेष बसें लगाई गई हैं, जो जीरकपुर और चंडीगढ़-पंचकूला रेलवे स्टेशन से सीधे स्टेडियम के बीच चलेंगी. वहीं, स्टेडियम के अंदर व्यवस्था संभालने के लिए खेल विभाग और अन्य विभागों से कोच भी बुलाए गए हैं.
दूर-दराज से आने वाले युवाओं के खानपान के लिए आयोग विभिन्न सामाजिक संस्थाओं से भी संपर्क कर रहा है, ताकि स्टेडियम के बाहर ही भोजन और नाश्ते की उचित व्यवस्था की जा सके. सबसे अहम बात यह है कि किसी भी उम्मीदवार को कोई परेशानी न हो, इसके लिए टेस्ट प्रक्रिया के दौरान एचएसएससी का एक सदस्य हर वक्त मौके पर मौजूद रहेगा, जो युवाओं की किसी भी शिकायत या समस्या का तुरंत समाधान सुनिश्चित करेगा.