पति ने कान पकड़कर मांगी माफी, तो 2 साल के बेटे के लिए साथ रहने को राजी हुई महिला, जानिए पूरा मामला

भोपाल: एमपी के भोपाल में बीते सोमवार को राज्य महिला आयोग की जनसुनवाई आयोजित की गई. इस दौरान घरेलू हिंसा, दहेज प्रताड़ना, वर्किंग प्लेस पर हैरेसमेंट, पारिवारिक विवाद और साइबर अपराध से जुड़े कुल 28 मामलों की सुनवाई हुई. आयोग ने सभी मामलों में दोनों पक्षों की बात सुनने के बाद जरूरी निर्देश दिए.

गलती मानी, कान पकड़कर मांगी माफी… बेटे की खातिर पत्नी ने दिया दूसरा मौका
घरेलू हिंसा के एक मामले में पति ने आयोग के सामने अपनी गलती स्वीकार कर ली. उसने कान पकड़कर पत्नी से माफी मांगी और भरोसा दिलाया कि भविष्य में वह ऐसा व्यवहार दोबारा नहीं करेगा. इसके बाद दोनों पति-पत्नी के बीच समझौता हो गया. महिला ने आयोग को बताया कि शिकायत दर्ज कराने के बाद सुनवाई होने में करीब एक साल लग गया. इस दौरान उसे काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा. हालांकि, अपने दो साल के बेटे के भविष्य को देखते हुए दोनों ने साथ रहने का फैसला किया.

दहेज प्रताड़ना का गंभीर मामला
जनसुनवाई में दहेज प्रताड़ना का एक गंभीर मामला भी सामने आया. पीड़िता ने आरोप लगाया कि शादी के बाद उसका पति दहेज की मांग को लेकर उसे मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित करता था. महिला के अनुसार, पति ने उसकी जानकारी और परमिशन के बिना कपड़े बदलते समय, नहाने के बाद और बाथरूम में उसकी तस्वीरें और वीडियो बनाए. इसके बाद में इन्हें सोशल मीडिया पर भी शेयर कर दिया. आयोग ने इस मामले की गंभीरता को देखते हुए इसे अगली सुनवाई के लिए लिस्टेड किया है.

पारिवारिक विवाद आया सामने
एक अन्य मामले में पारिवारिक विवाद सामने आया. पति ने आयोग को बताया कि उसने अपनी पत्नी की पढ़ाई में पूरा सहयोग किया. शादी के 18 साल बाद पत्नी सरकारी सेवा में अधिकारी बनी, लेकिन इसके बाद उसके व्यवहार में बदलाव आ गया. पति का आरोप है कि पत्नी अब बिना किसी ठोस कारण के उस पर कई आरोप लगा रही है, अलग रह रही है और बातचीत भी नहीं कर रही है.

इस मामले में पत्नी सुनवाई के दौरान मौजूद नहीं हुई. इसे देखते हुए महिला आयोग की अध्यक्ष ने अगली जनसुनवाई में दोनों पक्षों की अनिवार्य उपस्थिति के निर्देश दिए हैं, ताकि मामले की पूरी सुनवाई कर सही फैसला लिया जा सके.