मुजफ्फरनगर। मुजफ्फरनगर जिले में एक बार फिर घरेलू गैस सिलेंडर को लेकर संकट गहराता जा रहा है। जिला मुख्यालय से लेकर देहात तक गैस एजेंसियों और गोदामों पर उपभोक्ताओं की लंबी-लंबी कतारें देखने को मिल रही है। सुबह होते ही लोग सिलेंडर लेने के लिए लाइन में लग जाते हैं, लेकिन कई घंटों के इंतजार के बाद भी उन्हें खाली हाथ लौटना पड़ रहा है। ऐसा ही नजारा मंगलवार को सुबह से लेकर शाम तक कोर्ट रोड पर भारत गैस एजेंसी कार्यालय पर देखने को मिला। सैकड़ों लोग लाइन में लगे रहे, कोई ऑनलाइन गैस बुकिंग के लिए लाइन में लगे रहे तो कोई बुकिंग के बावजूद गैस नहीं मिलने की शिकायत करते नजर आए।
बता दें कि जिले में करीब 53 गैस एजेसियां संचालित हैं। इन एजेंसियों पर गैस कनेक्शनधारकों की संख्या करीब 6.44 लाख है। जिला आपूर्ति विभाग की मानें तो पिछले एक सप्ताह से रोजाना 16 से 20 हजार घरेलू गैस सिलेंडर की बुकिंग हो रही है। जबकि जनपद में रोजाना 13 से 14 हजार घरेलू गैस की सप्लाई की जा रही है। इसके बावजूद मांग और आपूर्ति के बीच बड़ा अंतर बना हुआ है, जिससे हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं। उपभोक्ताओं राम अवतार सिंह, राजीव चौधरी, धमेन्द्र कुमार, फातिमा, रईसुद्दीन आदि का आरोप है कि समय पर गैस नहीं मिलने से घर का बजट और दैनिक जीवन दोनों प्रभावित हो रहे हैं। अगर जल्द ही आपूर्ति व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में स्थिति और भी गंभीर हो सकती है। फिलहाल आम जनता राहत की उम्मीद में प्रशासन की ओर देख रही है लेकिन जिला प्रशासन भी बेबस व लाचार हैं।
गैस एजेंसियों एवं कार्यालय पर अव्यवस्थाओं का माहौलगैस एजेंसियों के बाहर भारी भीड़ के चलते अव्यवस्था का माहौल बना रहा। कई बार धक्का-मुक्की की स्थिति भी देखने को मिली। महिलाएं और बुजुर्ग खासतौर पर परेशान नजर आ रहे हैं, जिन्हें घंटों लाइन में खड़ा रहना पड़ रहा है। वहीं, एजेंसी संचालकों का कहना है कि उन्हें कंपनियों से पर्याप्त मात्रा में गैस की आपूर्ति नहीं मिल पा रही है, जिसके चलते यह स्थिति उत्पन्न हुई है। दूसरी ओर प्रशासनिक स्तर पर अभी तक कोई ठोस समाधान सामने नहीं आ सका है, जिससे उपभोक्ताओं में नाराजगी बढ़ती जा रही है।