मुजफ्फरनगर। जनपद में पंजीकृत व्यावसायिक वाहनों को फिटनेस कराने के लिए 60 किलोमीटर दूर बिजनौर की दौड़ लगानी पड़ेगी। इसके लिए परिवहन आयुक्त ने जनपद के लिए आदेश भेजा है।
एक जनवरी से वाहनों की फिटनेस ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन (एटीएस) के माध्यम से होगी। मैनुअल रूप से वाहनों की फिटनेस पर रोक लगा दी गई है। इसको लेकर ट्रांसपोर्ट्स और वाहन चालकों की परेशानी बढ़ेगी।
जिले में अभी तक व्यावसायिक रूप से पंजीकृत वाहनों की फिटनेस मैनुअल होती है। इनकी जांच के लिए संभागीय निरीक्षक की तैनाती है। जिनके निर्देशन में ई-रिक्शा, ट्रक, बस समेत ट्रैक्टर के अलावा टाटा मैजिक वाहनों की फिटनेस जांचने के बाद प्रमाण-पत्र जारी होता है।
परिवहन मंत्रालय ने एक जनवरी-2026 से इसमें परिवर्तन कर दिया है। अब वाहनों की फिटनेस ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन पर ही होगी। इसके लिए प्रदेश के परिवहन आयुक्त ने आदेश जारी किया है। जिसमें मुजफ्फरनगर के वाहनों को फिटनेस के बिजनौर में बनाए गए ऑटोमेटेड टेस्टिंग सेन्टर पर पहुंचना पड़ेगा।