जानसठ कोतवाली पुलिस ने बैंक के व्यवसायिक सहायक के चोरी करने वाले आरोपी खतौली निवासी नीरज उर्फ भटट्ड को मुठभेड़ में गिरफ्तार किया है। साथ ही 4.17 लाख रुपये बरामद किए हैं। उसने छह दिन पहले बैंक की दीवार में कुंबल कर रुपये चोरी किए थे। ऑनलाइन गेम में हारने पर उस पर कर्ज हो गया था। यह कर्ज उतारने के लिए चोरी की थी।
एसएसपी संजय कुमार वर्मा ने पुलिस लाइन सभागार में प्रेसवार्ता में बताया कि 15 जून को तिसंग गांव के यूनियन बैंक के मैनेजर अजय प्रताप सिंह ने तहरीर दी थी। थाना जानसठ पुलिस को बताया था कि 10 जून की रात चोर ने दीवार में कुंबल कर बैंक में रैक से चार लाख 17 हजार 500 रुपये नकद चोरी कर लिए गए हैं।
जानसठ पुलिस सोमवार रात मन्तौडी पुलिया पर संदिग्ध व्यक्ति व वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान एक संदिग्ध मोटर साइकिल सवार आता हुआ दिखाई दिया। रुकने का इशारा करने पर वह मोटर साइकिल मोड़कर भागने लगा। पीछा करने पर उसने फायरिंग की। जवाबी कार्रवाई में वह पैर में गोली लगने से घायल हो गया।
गिरफ्तार कर तलाशी ली गई तो उससे चार लाख 17 हजार 500 रुपये नकद, तमंचा, लोहे की रॉड व मोटरसाइकिल बरामद की गई। पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम बुआड़ा कलां खतौली निवासी नीरज उर्फ भटट्ड बताया। उसने बताया कि बरामद रुपये उसने तिसंग गांव में बैंक से चोरी किए थे। बरामद लोहे की रॉड से उसने बैंक की दीवार में कुंबल किया था।
वह आनलाइन गेम में हार गया था और उस पर कर्ज हो गया था। कर्ज उतारने के लिए ही उसने चोरी की थी। एसपी देहात अक्षय संजय महाडीक ने बताया कि आरोपी ने लोहे की रॉड से मात्र 15 मिनट में दीवार में कुंबल कर लिया था। आरोपी का चालान कर दिया है।
किसानों के केसीसी के खाते में जमा करने थे रुपये
बैंक के शाखा प्रबंधक अजय प्रताप सिंह ने बताया कि 10 जून की रात को घटना हुई थी। बैंक के अंदर सब कुछ सही मिला था। 11 जून की सुबह पुलिस को सूचना दी थी। शुक्रवार को उनको पता चला कि गांव तिसंग निवासी हरपाल और गांव नया गांव निवासी ब्रज मोहन को केसीसी का रुपया जमा करना था।
यह रुपया बैंक के बिजनेस सहायक संदीप के पास जमा करना होता है, लेकिन 10 जून को वह बैंक नहीं आए थे। उनके घर पर कार्य चल रहा था, इसलिए दोनों ग्रामीणों से यह रुपया बैंक के पीटीएस सब स्टाफ अर्जुन ने लेकर बैंक में ही रैक में रख दिया था, जबकि यह रुपये उसको अपने घर ले जाने थे। वह इन रुपयों को भूल गया था। शुक्रवार को उन्होंने बैंक से रुपये चोरी होने की जानकारी पुलिस को दे दी थी।