Hasina sentenced to death Update: बांग्लादेश में शेख हसीना को मौत की सजा सुनाए जाने के बाद अब हालात बदतर हो गए हैं. 17 नवंबर 2025 को जैसे ही अंतरराष्ट्रीय अपराध ट्रिब्यूनल (आईसीटी) ने शेख हसीना को 2024 के छात्र आंदोलन के दौरान मानवता के खिलाफ अपराधों (जैसे हत्याओं का आदेश देना) के लिए मौत की सजा सुनाई उसके बाद माहौल बेहद तनावपूर्ण हो गया है. एक तरफ छात्रों और पीड़ित परिवारों में जश्न का दौर चला, जहां मिठाई बांटकर नारे लगाए गए, वहीं दूसरी ओर आवामी लीग समर्थकों के प्रदर्शनों ने हिंसा को भड़का दिया. गोली-बम, आगजनी और क्लैशेस से ढाका समेत कई शहरों में अफरा-तफरी मच गई है. जानें पूरी कहानी.
बांग्लादेश की राजधानी ढाका में सड़कें जल रही हैं. पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना को फांसी की सजा सुनाए जाने के बाद पूरे शहर में प्रदर्शनकारियों और सुरक्षाबलों के बीच झड़पें शुरू हुई. मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, अभी तक 50 से ज्यादा लोग घायल हो चुके हैं. सोमवार को कोर्ट ने शेख हसीना को मानवता के खिलाफ अपराध के एक बड़े मामले में मौत की सजा सुनाई. इसके तुरंत बाद ढाका के अलग-अलग इलाकों में हजारों लोग सड़कों पर उतर आए. कुछ लोग हसीना के समर्थक हैं, तो कुछ उनके खिलाफ. दोनों तरफ के लोग एक-दूसरे पर पत्थरबाजी किए.
आगजनी, गोलीबारी, मारपीट सब कुछ
ढाका ट्रिब्यून के मुताबिक कई गाड़ियों में आग लगा दी गई, कुछ जगहों पर गोली चलने की भी खबरें हैं. पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच लाठी-डंडे और पत्थर चल रहे हैं. कई दुकानें और ऑफिस बंद हो गए हैं, सड़कें जाम हैं. अंतरिम सरकार ने लोगों से शांत संयमित और जिम्मेदार रहने की अपील की, और कहा कि कोई भी अराजकता को दबाया जाएगा.
जश्न का सिलसिला: मिठाई और आतिशबाजी से गूंजा ढाका
सजा सुनते ही सड़कों पर खुशी की लहर दौड़ पड़ी.ढाका यूनिवर्सिटी के आसपास छात्र आंसुओं से भीगा चेहरा लिए मिठाई बांट रहे थे.एक्स (ट्विटर) पर वीडियो वायरल हो गए, जहां लोग आतिशबाजी कर रहे हैं. एक पोस्ट में लिखा, “आज हम जीते! जुलाई नरसंहार की रानी को सजा मिली;” डिफेंस रिसर्च फोरम के ट्वीट में कहा गया, “ढाका में आंसू, पटाखे और मिठाई का दौर.” मुख्य सलाहकार मुहम्मद यूनुस ने इसे न्याय की जीत तो बताया है, लेकिन बीएनपी और जमात-ए-इस्लामी ने जमकर अदालत के फैसले का स्वागत किया है, लेकिन आवामी लीग ने राजनीतिक साजिश करार दिया है.
मिठाई बांटी तो जान चली गई
द डेली स्टार की खबर के अनुसार, बरिशाल के बाबूगंज उपजिला अंतर्गत जहांगीरनगर यूनियन में आज मिठाई बांटने को लेकर जातीयतावादी छात्र दल (जेसीडी) के दो गुटों के बीच हुई झड़प में एक व्यक्ति की मौत हो गई. यूनियन परिषद के अध्यक्ष और बीएनपी नेता कमाल अहसान खान ने बताया कि मृतक 22 वर्षीय रबीउल इस्लाम जेसीडी की यूनियन इकाई का उपाध्यक्ष था. उन्होंने कहा, “मैंने सुना है कि मिठाई बांटने को लेकर एक विवाद हुआ, जो बाद में पलाश, शांतो और कई अन्य लोगों के बीच झड़प में बदल गया. इस घटना में कम से कम पांच लोग घायल हुए हैं. उन्होंने आगे बताया कि रबीउल को गंभीर हालत में शेर-ए-बांग्ला मेडि