‘नोबेल तो मुझे ही मिलना चाहिए’, भारत-पाक को लेकर ट्रंप ने फिर अलापा युद्ध रुकवाने का राग

नई दिल्ली: तेल और गैस सेक्टर से जुड़े अधिकारियों के साथ बैठक के बाद मीडिया से बातचीत में डोनाल्ड ट्रंप ने भारत-पाक मुद्दे पर फिर बयान दिया। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ जब अमेरिका आए थे, तब उन्होंने सार्वजनिक रूप से उन्हें धन्यवाद दिया था। ट्रंप के मुताबिक, पाक प्रधानमंत्री ने कहा था कि भारत और पाकिस्तान के बीच हालात बेहद गंभीर होने वाले थे, लेकिन अमेरिकी हस्तक्षेप से हालात संभल गए और इससे करीब एक करोड़ लोगों की जान बची।

‘आठ युद्ध सुलझाए हैं’ डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया कि उन्होंने अब तक आठ बड़े युद्धों या संघर्षों को सुलझाने में अहम भूमिका निभाई है। उन्होंने कहा, लोग मुझे पसंद करें या न करें, लेकिन सच्चाई यह है कि मैंने आठ बड़े युद्धों को खत्म कराया है।

नोबेल शांति पुरस्कार पर बयान नोबेल शांति पुरस्कार को लेकर ट्रंप ने कहा कि वह इस बात की शेखी नहीं मारना चाहते, लेकिन इतिहास में शायद ही कोई ऐसा व्यक्ति होगा, जो उनसे ज्यादा इस सम्मान का हकदार हो। उन्होंने संकेत दिया कि इतने बड़े संघर्षों को रोकने के बाद उन्हें नोबेल पुरस्कार मिलना चाहिए। गौरतलब है कि डोनाल्ड ट्रंप इससे पहले भी कई बार भारत-पाक तनाव, उत्तर कोरिया और मध्य-पूर्व जैसे मुद्दों पर अपनी भूमिका को लेकर नोबेल शांति पुरस्कार पाने की इच्छा जाहिर कर चुके हैं।