अफगान‍िस्‍तान में दखलअंदाजी बर्दाश्त नहीं, भारत का पाक‍िस्‍तान को सीधा जवाब

नई दिल्ली. अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव पर भारत ने कड़ा रुख अपनाया है. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि भारत स्थिति पर पूरी तरह से करीबी नजर रखे हुए है और तीन बातों को लेकर स्पष्ट रुख अपनाया है. उन्होंने साफ किया कि पाकिस्तान आतंकवादी संगठनों को शरण देता है और उनके खिलाफ कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं करता. इसके अलावा, अपने आंतरिक असफलताओं के लिए पड़ोसियों को दोष देना पाकिस्तान की पुरानी आदत है. तीसरी बात, अफगानिस्तान द्वारा अपने क्षेत्रों पर संप्रभु अधिकार का प्रयोग करने पर पाकिस्तान नाराज है. भारत अफगान‍िस्‍तान के साथ पूरी ताकत से खड़ा है. अफगान‍िस्‍तान में कोई दखलंदाजी बर्दाश्त नहीं है.

रणधीर जायसवाल ने कहा, हम अफगानिस्तान की संप्रभुता, क्षेत्रीय अखंडता और स्वतंत्रता के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं. भारत अफगानिस्तान के साथ खड़ा है और किसी भी बाहरी दखलअंदाजी को नकारता है. उन्होंने यह भी कहा कि भारत अफगानिस्तान की मदद और सहयोग के लिए हमेशा तैयार है और क्षेत्र में शांति व स्थिरता को बढ़ावा देने के लिए सक्रिय भूमिका निभाएगा. विदेश मंत्रालय ने यह स्पष्ट किया कि पाकिस्तान ने हमेशा अपने आंतरिक मुद्दों और राजनीतिक असफलताओं का ठीकरा पड़ोसी देशों पर फोड़ने की कोशिश की है. पिछले कई सालों में देखा गया है कि पाकिस्तान अफगानिस्तान में अस्थिरता पैदा करने वाले आतंकवादी समूहों को समर्थन देता रहा है. भारत इस पर गंभीरता से नज़र रख रहा है और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इसे उजागर करने का काम कर रहा है.

अफगान‍िस्‍तान के साथ खड़े
जायसवाल ने यह भी कहा कि अफगानिस्तान अपने क्षेत्रीय अधिकारों का प्रयोग कर रहा है और इसे लेकर पाकिस्तान की नाराज़गी साफ दिख रही है. भारत का रुख हमेशा से यह रहा है कि क्षेत्रीय संप्रभुता और सीमा अखंडता का सम्मान होना चाहिए और किसी भी तरह की बाहरी दखलअंदाज़ी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. इसके अलावा, भारत ने काबुल में अपनी तकनीकी मिशन को जल्द ही दूतावास में अपग्रेड करने की योजना की घोषणा की है. रणधीर जायसवाल ने बताया कि भारत का तकनीकी मिशन जून 2022 से काबुल में काम कर रहा है और आने वाले कुछ दिनों में इसे पूर्ण रूप से दूतावास में परिवर्तित कर दिया जाएगा. इस कदम को अफगानिस्तान के साथ भारत के बढ़ते राजनीतिक और कूटनीतिक संबंधों का प्रतीक बताया जा रहा है.

अफगान‍िस्‍तान फौज ने पाक‍िस्‍तान‍ियों के दांत खट्टे क‍िए
विदेश मंत्रालय का यह बयान ऐसे समय में आया है जब पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच सीमा पर हालात तनावपूर्ण बने हुए हैं. अफगानिस्तान की फोर्स ने पाक‍िस्‍तान के दांत खट्टे कर द‍िए हैं. उनके सैकड़ों फौज‍ियों को मार ग‍िराया है. अब भारत ने साफ कह दि‍या है क‍ि किसी भी देश को अपने पड़ोसी की संप्रभुता का उल्लंघन करने का अधिकार नहीं है. भारत ने साफ शब्दों में कहा कि पाकिस्तान के आतंकवादी समूहों को समर्थन देना केवल क्षेत्रीय शांति के लिए खतरा नहीं है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा के लिए भी चुनौती है. भारत अपने पड़ोसी अफगानिस्तान के साथ खड़ा है और किसी भी तरह की आतंकवादी गतिविधियों के खिलाफ उसे समर्थन देगा.