हेड कांस्टेबल की बेटी ने रचा इतिहास, 8वीं रैंक के साथ बन गई IAS

UPSC Success Story of IAS Ishita Rathi: सफलता की सीढ़ी चढ़ना आसान नहीं है लेकिन अगर इरादा मजबूत हो तो आप कुछ भी कर सकते हैं. उसके लिए फिर किसी कोचिंग क्लास की भी जरूरत नहीं होती है. आज हम आपको एक ऐसी महिला के बारे में बताने जा रहे हैं जो इसका एक अच्छा खासा उदाहरण है. यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा देने के लिए इशिता राठी ने किसी तरह की कोचिंग क्लास नहीं ली और फिर भी ऑल इंडिया रैंकिंग 8 रैंक के साथ उन्होंने आईएएस पद को हासिल कर लिया. आइए IAS इशिता राठी की सफलता की कहानी जानते हैं.

पुलिस सर्विस में हैं माता-पिता
उत्तर प्रदेश के बागपत की रहने वाली IAS इशिता राठी के पिता हेड कॉस्टेबल राठी और मां मीनाक्षी राठी है जो दिल्ली पुलिस में असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर पद पर हैं. माता-पिता दोनों ही पुलिस सर्विस में हैं और बेटी ने भी अपनी मेहनत-लग्न के साथ हरा झंडा लहरा दिया.

IAS इशिता राठी की पढ़ाई-लिखाई?
बात करें इशिता की पढ़ाई-लिखाई की तो उन्होंने वसंत कुंज स्थित डीएवी पब्लिक स्कूल से स्कूलिंग की थी. इसके बाद दिल्ली यूनिवर्सिटी के लेडी श्रीराम कॉलेज से ग्रेजुएशन की. इकोनॉमिक्स ऑनर्स की पढ़ाई करने के बाद उन्होंने पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई मद्रास के स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स से की. मास्टर डिग्री हासिल करने के दौरान ही उन्होंने सिविल सेवा करने का सोचा और उसके लिए तैयारी शुरू कर दी.

पहली बार असफलता के बाद सफलता
यूपीएससी की तैयारी के लिए वो घर पर ही पढ़ाई करती थी. पहली यूपीएससी सिविल सर्विस परीक्षा उन्होंने 2019 में दी. इस दौरान उन्हें असफलता हासिल हुई. इसके बाद उन्होंने फिर से 2021 में परीक्षा दी और फिर 8वीं रैंक के साथ आईएएस पद के लिए वो सफल रही. यूपीएससी 2021 में 8वीं रैंक हासिल की.

पति भी है आईएएस
इशिता राठी ने अपने बैचमेट से ही शादी की है. उनके पति रवि सिहाग ने यूपीएससी परीक्षा में 18वीं रैंक हासिल की थी. वर्तमान में नॉर्थ पुडुचेरी में सब-कलेक्टर (रेवेन्यू) के पद इशिता कार्यरत हैं. जबकि, उनके पति मध्य प्रदेश के सिवनी जिला के लखनादौन में हैं और यहां सब-डिविजनल ऑफिसर (रेवेन्यू) के पद पर काम कर रहे हैं.