दिल्ली में तुर्कमान गेट इलाके में फैज-ए-इलाही मस्जिद के इर्द-गिर्द हुए अतिक्रमण को दिल्ली नगर निगम (MCD) ने ध्वस्त कर दिया है. इस बीच गलतफहमी के चलते उग्र भीड़ ने पुलिसकर्मियों पर हमला कर दिया था. हालांकि, पुलिस के त्वरित एक्शन की वजह से स्थिति सामान्य है. वहीं, अब कयास लगाए जा रहे हैं कि दिल्ली के शाही जामा मस्जिद के पास कथित अवैध कब्जे पर भी बुलडोजर एक्शन हो सकता है.
दरअसल, दिल्ली हाई कोर्ट ने शाही जामा मस्जिद के आसपास मौजूद MCD पार्क और वहां मौजूद अवैध अतिक्रमणों को लेकर सर्वे करने का निर्देश दिया है. हाई कोर्ट ने एमसीडी को दो महीने के अंदर यह सर्वे पूरा कर रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया है. कोर्ट का आदेश है कि अगर कोई अवैध निर्माण पाया जाता है, तो कानून के तहत उचित कार्रवाई की जाए.
जामा मस्जिद के पास बनी अवैध पार्किंग हटाने की मांग
बताया जा रहा है कि फरहत हसन नाम के एक व्यक्ति ने दिल्ली हाई कोर्ट में याचिका दायर की थी. याचिका में शाही जामा मस्जिद के गेट के पास अवैध पार्किंग हटाने और शाही जामा मस्जिद के सार्वजनिक मार्ग से अवैध फेरी और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को हटाने का निर्देश देने की मांग की गई थी. याचिका में शाही जामा मस्जिद के आसपास चल रही व्यावसायिक गतिविधियों पर तत्काल रोक लगाने का भी निर्देश देने की मांग की गई है.
फैज-ए-इलाही मस्जिद के पास हुई ध्वस्तीकरण की कार्रवाई
हाई कोर्ट के आदेश पर एमसीडी ने 6-7 जनवरी की दर्मियानी रात को रामलीला मैदान इलाके में स्थित फैज-ए-इलाही मस्जिद के आसपास बने अतिक्रमण पर बुलडोजर चला दिया. यहां अवैध कब्जे वाली जमीन पर बारात घर और डिस्पेंसरी आदि बने थे, जिन्हें देर रात ढहा दिया गया. करीब 36000 स्क्वायर फीट के एरिया पर एमसीडी ने यह कार्रवाई की है. ध्यान देने वाली बात है कि धार्मिक ढांचे को कोई नुकसान नहीं पहुंचाया गया है क्योंकि वह आधिकारिक जमीन पर बनी है.
दिल्ली पुलिस ने बुलडोजर एक्शन से पहले इलाके के लोगों को स्पष्ट रूप से यह बात समझाई थी कि मस्जिद को कोई नुकसान नहीं होगा, लेकिन आसपास मौजूद अन्य अवैध इमारतें गिराई जाएंगी. लोकल लोग इस बात से सहमत भी थे. हालांकि, अफवाह और गलतफहमी के चलते बुलडोजर एक्शन के दौरान सैकड़ों की संख्या में लोग इलाके में इकट्ठे हुए और हिंसा का इस्तेमाल करते हुए पुलिसकर्मियों पर पत्थरबाजी की गई.
इस वारदात में पांच पुलिसकर्मियों को चोटें आई हैं. वहीं, पुलिस ने एक्शन लेते हुए कई नामजदों को गिरफ्तार कर लिया है और कई संदिग्धों को हिरासत में भी लिया गया है. पुलिसकर्मियों द्वारा पहने गए बॉडी कैमरा से बाकी उपद्रवियों की पहचान की जा रही है. आरोप यह भी है कि लोगों को उकसाने का काम रामपुर के सपा सांसद मोहिबुल्लाह नदवी ने किया था. इस मामले में जांच जारी है.