lectricity consumers in UP: उत्तर प्रदेश सरकार ने बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत देने की घोषणा की है. प्रदेश में एक दिसंबर से विद्युत बिल राहत योजना 2025-26 लागू की जाएगी, जिसके तहत बकाया बिजली बिलों पर उपभोक्ताओं को बड़ी छूट मिलेगी. ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने बताया कि योजना में उपभोक्ताओं के सभी बकाया पर लगा शत-प्रतिशत ब्याज माफ होगा, जबकि मूलधन पर 25 प्रतिशत की छूट प्रदान की जाएगी। सरकार का प्रयास है कि अधिक से अधिक घरेलू एवं व्यावसायिक उपभोक्ता इस योजना से लाभान्वित हो सकें
पूरी बात जानें ?
ऊर्जा मंत्री ने बताया कि योजना के तहत घरेलू उपभोक्ताओं (2 किलोवाट तक) और छोटे दुकानदार उपभोक्ताओं (1 किलोवाट तक) को विशेष राहत दी जाएगी. इन श्रेणियों के उपभोक्ता अपने बकाया बिलों का भुगतान आसान मासिक किस्तों में कर सकेंगे. इसके साथ ही जिन उपभोक्ताओं के बिल औसत खपत के आधार पर बढ़े हुए दर्ज हुए हैं, उनके बिलों में स्वतः संशोधन किया जाएगा और अतिरिक्त राशि कम की जाएगी. इस कदम का उद्देश्य उन उपभोक्ताओं को राहत देना है, जिनके बिल मीटर खराब होने या तकनीकी त्रुटियों की वजह से बढ़े हुए थे.
बिजली चोरी व पुराने विवादित मामलों में भी राहत
सरकार की यह योजना केवल बकाया बिल तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें बिजली चोरी के पुराने मामलों को भी शामिल किया गया है. जिन उपभोक्ताओं पर अतीत में चोरी के आरोपों से जुड़ा बकाया दर्ज है, उन्हें भी सुधारित बिल और राहत का लाभ मिलेगा। ऊर्जा मंत्री ने स्पष्ट किया कि उद्देश्य उपभोक्ताओं को दंडित करना नहीं, बल्कि उन्हें मुख्यधारा में लाकर नियमित भुगतान को प्रोत्साहित करना है.
जमीन पर नजर रखेगी सरकार, होगी डे-टू-डे रिपोर्टिंग
शक्तिभवन में समीक्षा बैठक के दौरान ऊर्जा मंत्री ने सभी डिस्कॉम, पावर कॉर्पोरेशन और ट्रांसमिशन निगम के अधिकारियों को निर्देश दिया कि योजना के दौरान दिन-ब-दिन रिपोर्टिंग सुनिश्चित की जाए. उन्होंने कहा कि क्षेत्रीय अभियंता रोज फील्ड में निरीक्षण करें और ध्यान रखें कि किसी भी उपभोक्ता को आवेदन, पंजीकरण या बिल संशोधन में कोई परेशानी न हो। मंत्री ने चेतावनी दी कि लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों पर कार्रवाई तय होगी.
सरकार का लक्ष्य: अधिकतम उपभोक्ता हों लाभान्वित
ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने कहा कि विद्युत बिल राहत योजना 2025-26 को सरकार एक बड़े सामाजिक अभियान के रूप में लागू कर रही है. यह योजना उपभोक्ताओं पर आर्थिक बोझ कम करेगी और उन्हें नियमित बिल भुगतान के लिए प्रोत्साहित करेगी. सरकार चाहती है कि अधिक से अधिक उपभोक्ता एक दिसंबर से शुरू हो रही इस योजना का लाभ उठाएं और अपनी बिजली संबंधी परेशानियों से छुटकारा पाएं.